रेवाड़ी ब्लास्ट केस : हरियाणा के रेवाड़ी जिले में हुए रहस्यमयी गैस ब्लास्ट मामले ने एक और जान ले ली। बेटी तनु की मौत के बाद अब पूर्व सैनिक सतबीर चौहान ने भी इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। इस दर्दनाक हादसे के बाद मृतकों की संख्या दो हो गई है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए IGL (इंद्रप्रस्थ गैस लिमिटेड) के कर्मचारियों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच तेज कर दी है।
इलाज के दौरान नहीं बच सकी पूर्व सैनिक की जान (Rewari Blast Case)
हंस नगर में हुए विस्फोट में गंभीर रूप से झुलसे पूर्व सैनिक सतबीर चौहान का दिल्ली के अस्पताल में इलाज चल रहा था। डॉक्टरों की लगातार कोशिशों के बावजूद शनिवार को उनकी मौत हो गई। इससे पहले उनकी बेटी तनु ने भी गुरुवार शाम उपचार के दौरान दम तोड़ दिया था।
रेवाड़ी ब्लास्ट केस : परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
हादसे में सतबीर चौहान की पत्नी, भतीजी और पड़ोसी जयभगवान भी गंभीर रूप से झुलसे थे। तीनों का दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में इलाज जारी है। परिवार पहले ही बेटी को खो चुका था और अब पिता की मौत से पूरे इलाके में शोक का माहौल है।
पुलिस ने IGL कर्मचारियों पर दर्ज किया मामला
घटना के बाद पुलिस ने शुरुआती जांच और परिजनों की शिकायत के आधार पर IGL के कर्मचारियों के खिलाफ केस दर्ज किया है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि हादसा तकनीकी लापरवाही से हुआ या इसके पीछे कोई अन्य वजह थी।
मां का आरोप- टेस्टिंग के दौरान खुली रह गई गैस लाइन
मृतका तनु की मां मधु ( Rewari Blast Case ) ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह रसोई में बर्तन रखने गई थीं। तभी तेज धमाका हुआ। जब वह वापस लौटीं तो पूरा घर आग की लपटों में घिर चुका था। उनका आरोप है कि IGL की टेस्टिंग के दौरान पाइप लाइन खुली रहने से गैस जमा हो गई, जिसके बाद विस्फोट हुआ।
धमाके के बाद भी कई सवाल बरकरार
जांच के दौरान सामने आया कि घर में रखे गैस सिलेंडर, फ्रिज, प्रेस और बाइक को कोई बड़ा नुकसान नहीं पहुंचा। जबकि घर के दरवाजे, खिड़कियां, दीवारें और टाइलें बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गईं। यही वजह है कि विस्फोट के असली कारण को लेकर अब भी कई सवाल बने हुए हैं।
पूरे मामले की गहराई से होगी जांच
पुलिस और संबंधित एजेंसियां घटनास्थल से जुटाए गए साक्ष्यों की जांच कर रही हैं। तकनीकी रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि विस्फोट किस वजह से हुआ और यदि किसी स्तर पर लापरवाही सामने आती है तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।













