शुक्रवार, 6 नवम्बर 2026

कॉमनवेल्थ में नीरज चोपड़ा को सिल्वर, पिता ने बताई गोल्ड से चूक की वजह

Written by: सुनील चौहान

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भारत के स्टार जैवलिन थ्रोअर नीरज चोपड़ा ने ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में शानदार प्रदर्शन करते हुए देश के नाम सिल्वर मेडल दर्ज कराया। नीरज ने अपने दूसरे प्रयास में 85.83 मीटर…


कॉमनवेल्थ में नीरज चोपड़ा को सिल्वर, पिता ने बताई गोल्ड से चूक की वजह
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भारत के स्टार जैवलिन थ्रोअर नीरज चोपड़ा ने ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में शानदार प्रदर्शन करते हुए देश के नाम सिल्वर मेडल दर्ज कराया। नीरज ने अपने दूसरे प्रयास में 85.83 मीटर का थ्रो किया, जो इस सीजन का उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन रहा। हालांकि गोल्ड मेडल से वे कुछ मीटर पीछे रह गए। इस मुकाबले में श्रीलंका के रुमेश पथिराजे ने 89.75 मीटर का भाला फेंककर स्वर्ण पदक अपने नाम किया, जबकि हरियाणा के भिवानी निवासी यशवीर सिंह ने 85.41 मीटर के थ्रो के साथ कांस्य पदक जीतकर भारत की झोली में एक और सफलता जोड़ दी।

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नीरज चोपड़ा के गांव खंडरा में जश्न का माहौल

जैसे ही नीरज चोपड़ा के सिल्वर मेडल जीतने की खबर उनके पैतृक गांव खंडरा पहुंची, परिवार और ग्रामीणों में खुशी की लहर दौड़ गई। लोगों ने एक-दूसरे को बधाई दी और भारत के इस स्टार खिलाड़ी की उपलब्धि पर गर्व जताया। हालांकि कई लोगों को उम्मीद थी कि इस बार भी नीरज गोल्ड मेडल जीतेंगे, लेकिन सिल्वर जीतने को भी बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।

पिता बोले- तेज हवा और पुरानी चोट का पड़ा असर

नीरज चोपड़ा के पिता सतीश चोपड़ा ने बेटे के प्रदर्शन पर खुशी जताते हुए कहा कि हर बड़े टूर्नामेंट में मेडल जीतना आसान नहीं होता। उनके अनुसार मुकाबले के दौरान मौसम तेजी से बदला और तेज हवा के कारण खिलाड़ियों को लगातार बेहतर प्रदर्शन करने में कठिनाई हुई। उन्होंने यह भी बताया कि पिछले दिनों लगी चोट का असर भी नीरज की तैयारी और प्रदर्शन पर दिखाई दिया। इसके बावजूद सिल्वर मेडल जीतना देश के लिए गर्व की बात है।

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नीरज ने भी मौसम को बताया चुनौती

प्रतियोगिता के बाद नीरज चोपड़ा ने भी स्वीकार किया कि शुरुआती दौर में मौसम अनुकूल था, लेकिन बाद में तेज ठंडी हवाओं ने थ्रो करना मुश्किल बना दिया। उन्होंने कहा कि ऐसी परिस्थितियों में तकनीक और संतुलन बनाए रखना चुनौतीपूर्ण हो जाता है। मुकाबले के दौरान वे अपने कुछ प्रयासों से पूरी तरह संतुष्ट नहीं दिखे, फिर भी उन्होंने सीजन का अपना सर्वश्रेष्ठ थ्रो दर्ज किया।

भिवानी के यशवीर ने भी बढ़ाया हरियाणा का मान

हरियाणा के भिवानी जिले के युवा खिलाड़ी यशवीर सिंह ने भी शानदार प्रदर्शन करते हुए 85.41 मीटर का थ्रो किया और ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम किया। उनकी इस उपलब्धि से हरियाणा के खेल प्रेमियों में खुशी का माहौल है। नीरज और यशवीर दोनों की सफलता ने एक बार फिर साबित किया कि भारतीय जैवलिन थ्रो विश्व स्तर पर लगातार मजबूत हो रहा है।

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सुनील चौहान
About the Author सुनील चौहान

सुनील चौहान Best24News के संस्थापक एवं वरिष्ठ संपादक हैं। उन्हें रेवाड़ी, धारूहेड़ा और हरियाणा की स्थानीय पत्रकारिता का लगभग 10 वर्षों का अनुभव है। वे पहले दैनिक जागरण, राजस्थान पत्रिका, हरिभूमि और अमर उजाला जैसे समाचार संस्थानों से जुड़े रहे हैं। वे राजनीति, अपराध, प्रशासन, शिक्षा, रोजगार और स्थानीय जनसमस्याओं से जुड़ी खबरों के संपादन एवं प्रकाशन का कार्य करते हैं। उनका उद्देश्य पाठकों तक तथ्यात्मक, निष्पक्ष और विश्वसनीय समाचार पहुंचाना है। View all posts by सुनील चौहान →

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