हरियाणा की राजनीति में दक्षिणी क्षेत्र एक बार फिर सुर्खियों में है। केंद्रीय राज्य मंत्री राव इंद्रजीत सिंह के प्रभाव वाले इलाके में भाजपा नेताओं के बीच सामने आ रहे घटनाक्रम ने राजनीतिक चर्चाओं को नई हवा दे दी है। सार्वजनिक मंचों से दिए गए बयान, बड़े कार्यक्रमों में कुछ नेताओं की अनुपस्थिति और संगठन से जुड़े फैसलों को लेकर राजनीतिक गलियारों में अलग-अलग तरह की चर्चाएं चल रही हैं। हालांकि पार्टी नेतृत्व इसे सामान्य राजनीतिक प्रक्रिया बता रहा है, लेकिन जानकार इसे भविष्य की रणनीति से जोड़कर देख रहे हैं।
राव इंद्रजीत सिंह के क्षेत्र में फिर गरमाई सियासत
दक्षिण हरियाणा लंबे समय से भाजपा का मजबूत गढ़ माना जाता है। खासकर रेवाड़ी और आसपास के क्षेत्रों में राव इंद्रजीत सिंह का राजनीतिक प्रभाव काफी मजबूत माना जाता है। हाल के दिनों में क्षेत्र के कई वरिष्ठ नेताओं की गतिविधियों और सार्वजनिक बयानों ने यह संकेत दिया है कि स्थानीय स्तर पर राजनीतिक खींचतान पूरी तरह समाप्त नहीं हुई है।
मेडिकल कॉलेज कार्यक्रम के बाद तेज हुई चर्चाएं
कोरियावास मेडिकल कॉलेज के उद्घाटन समारोह के दौरान एक वरिष्ठ भाजपा नेता ने बिना किसी का नाम लिए अपने वर्षों के योगदान का जिक्र करते हुए इशारों में नाराजगी जाहिर की। इसके बाद मंत्री आरती राव की प्रतिक्रिया भी चर्चा का विषय बनी। दोनों नेताओं ने सीधे तौर पर किसी का नाम नहीं लिया, लेकिन राजनीतिक हलकों में इन बयानों को दक्षिण हरियाणा भाजपा के भीतर चल रही खींचतान से जोड़कर देखा जा रहा है।
बड़े आयोजन में गैरमौजूदगी से उठे सवाल
हाल ही में आयोजित एक बड़े कृषि कार्यक्रम में प्रदेश और केंद्र के कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे, लेकिन राव इंद्रजीत सिंह सहित क्षेत्र के कुछ प्रमुख नेताओं और कई संगठन पदाधिकारियों की अनुपस्थिति ने राजनीतिक चर्चाओं को और तेज कर दिया। स्थानीय राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि इतने बड़े कार्यक्रम में प्रमुख नेताओं का एक साथ नजर नहीं आना कई सवाल खड़े करता है।
पहले भी सामने आ चुके हैं ऐसे संकेत
यह पहला मौका नहीं है जब दक्षिण हरियाणा भाजपा की अंदरूनी राजनीति चर्चा में आई हो। इससे पहले जिला स्तर पर जिम्मेदारियों के बंटवारे के दौरान भी अलग-अलग नेताओं की राय सामने आई थी। बाद में सरकार ने अपने फैसले में बदलाव किया, जिसके बाद राजनीतिक हलकों में कई तरह की चर्चाएं हुई थीं।
राजनीतिक जानकार क्या मानते हैं?
विशेषज्ञों का मानना है कि दक्षिण हरियाणा में भाजपा के कई प्रभावशाली नेता सक्रिय हैं। ऐसे में समय-समय पर राजनीतिक मतभेद सामने आना असामान्य नहीं माना जाता। हालांकि यदि इन मुद्दों का समाधान समय रहते नहीं हुआ तो इसका असर संगठन की एकजुटता और आगामी चुनावी तैयारियों पर पड़ सकता है।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने दिया स्पष्ट संदेश
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष अर्चना गुप्ता ने कहा कि पार्टी एक बड़ा परिवार है और बड़े संगठन में विचारों का अंतर स्वाभाविक होता है। उन्होंने कहा कि संवाद के माध्यम से सभी विषयों का समाधान निकाला जाएगा और जरूरत पड़ने पर संगठन उचित कदम भी उठाएगा।













