
Haryana Murgi palan Yojana: आपकी दी गई जानकारी हरियाणा सरकार की एक सराहनीय पहल को दर्शाती है, जो मुर्गी पालन (पोल्ट्री फार्मिंग) को बढ़ावा देने और इससे जुड़ी समस्याओं को हल करने के लिए उठाई गई है। इस पूरे प्रयास के कुछ मुख्य बिंदु निम्नलिखित हैं:
मुख्य निर्णय और पहल:
- 1. उप समिति का गठन – मंत्रियों की एक उप समिति बनाई गई है जो पोल्ट्री फार्म्स की समस्याओं और जरूरतों का समाधान करेगी।
- 2. सब्सिडी युक्त लोन – आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग को 9 लाख रुपये तक का लोन दिया जा रहा है, जिस पर:
- सामान्य वर्ग को 25% सब्सिडी।
- अनुसूचित जाति/जनजाति वर्ग को 33% सब्सिडी मिलेगी।
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- 3. लोन चुकाने की अवधि – 5 साल का समय और कठिनाई होने पर 6 महीने की अतिरिक्त छूट।
- 4. नोडल विभाग की नियुक्ति – पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन विभाग को नोडल विभाग और पर्यावरण निदेशक को नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है।
इससे संभावित लाभ: Haryana Murgi palan Yojana
- ग्रामीण रोजगार को बढ़ावा।
- पशुपालन क्षेत्र में आत्मनिर्भरता।
- छोटे किसानों और उद्यमियों को आर्थिक मजबूती।
क्या है योजना का स्वरूप : 30 हजार बच्चों (चूजों) की क्षमता वाले पोल्ट्री फार्म तैयार करने में 1.80 करोड़ रुपये की लागत आएगी। इसमें 70 फीसद धनराशि यानी 1.26 करोड़ रुपये ऋण मुहैया कराया जाएगा। 54 लाख रुपये लाभार्थी को लगाना होगा।
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10 हजार चूजों की क्षमता वाले फार्म को तैयार करने 70 लाख रुपये खर्च होंगे। 49 लाख रुपये ऋण मिलेगा जबकि 21 लाख लाभार्थी को लगाना होगा। पांच वर्ष में ब्याज के मूलधन की अदायगी लाभार्थी को करनी होगी
