धारूहेड़ा (Best24News): आजादी आंदोलन के महान क्रांतिकारी योद्धा शहीद-ए-आज़म भगत सिंह की जयंती के पावन अवसर पर धारूहेड़ा चौक पर ‘शहीद भगत सिंह यादगार कमेटी’ एवं युवा संगठन के तत्वावधान में एक भव्य स्मृति सभा का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम की शुरुआत धारूहेड़ा चौक स्थित शहीद भगत सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण और पुष्पांजलि अर्पित करके की गई। इस दौरान पूरा चौक “शहीद भगत सिंह अमर रहें” और “इंकलाब जिंदाबाद” के नारों से गूंज उठा।
पाठ्यक्रम में शहीदों के विचारों को शामिल करने की मांग

स्मृति सभा को संबोधित करते हुए कमेटी के अध्यक्ष रमेश चंद्र एडवोकेट, राकेश कुमार सैनी, चेयरमैन अजय जांगड़ा तथा पूर्व चेयरमैन कवर सिंह सहित अन्य वक्ताओं ने भगत सिंह के जीवन और उनके विचारों पर प्रकाश डाला। वक्ताओं ने कहा कि देश की आजादी के लिए हंसते-हंसते फांसी के फंदे को चूमने वाले क्रांतिकारियों के संघर्ष और विचारों को नई पीढ़ी तक पहुंचाना पूरे समाज की जिम्मेदारी है। कार्यक्रम के दौरान सरकार और शिक्षा विभाग से मांग उठाई गई कि इंकलाबी शहीदों के विचारों और उनके बलिदान को स्कूली पाठ्यक्रम (Syllabus) में शामिल किया जाए,
ये रहे मौजूद: स्मृति सभा में क्षेत्र के कई सामाजिक कार्यकर्ता और युवा बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। इनमें लाला राम, मन्नू सोरिया, जीतन सोरिया, गोपाल, रवि सैनी, हितेश, नवीन सोरिया, नवीन अग्निहोत्री, सुनील जोधा, प्रेम फौजी, यश सैनी, रोहन, सहीराम और खेमचंद प्रमुख रूप से शामिल रहे।










