भिवाड़ी (Best24News) भिवाड़ी नगर परिषद में इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर स्थापित किया जाएगा। जिसके माध्यम से शहर के चयनित क्षेत्रों में वाई-फाई सुविधा, यातायात प्रबंधन और वायु प्रदूषण की लाइव मॉनिटरिंग की जाएगी। इसके अलावा भिवाड़ी में बारिश के समय जल भराव की समस्या से निपटने के लिए वर्षा जल संरक्षण के लिए रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम विकसित किया जाएगा। ऐसे में भिवाड़ी में होने वाले इस विकास कार्यों का फील्ड सर्वे और लागत निर्धारण पूरा हो चुका है।
भिवाड़ी औद्योगिक क्षेत्र, दिल्ली-एनसीआर का प्रमुख औद्योगिक केंद्र होने के बावजूद विकास कार्यों के मामले में अन्य बड़े औद्योगिक शहरों से पीछे माना जाता है। यदि प्रस्तावित विकास योजनाएं समय पर पूरी होकर भिवाड़ी को गुरुग्राम की तर्ज पर काउंटर मैग्नेट सिटी के रूप में विकसित किया जाता है, तो यहां निवेश, उद्योग और रोजगार के अवसरों में तेजी से वृद्धि होगी। राजस्थान सरकार ने पिछले वित्तीय वर्ष के बजट में केंद्र की स्मार्ट सिटी योजना की तर्ज पर 16 शहरों को क्लीन एंड ग्रीन इको सिटी के रूप में विकसित करने के लिए 900 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है। इन शहरों का विकास तीन वर्षों में किया जाना है, जिसमें भिवाड़ी भी शामिल है।
भिवाड़ी औद्योगिक क्षेत्र में 5 हजार से अधिक कंपनियां संचालित हैं, जहां बड़ी संख्या में लोग निवास करते हैं। उद्योग नगरी को क्लीन एंड ग्रीन इको सिटी के रूप में विकसित करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। करीब 50 करोड़ रुपये की विकास योजनाओं की डीपीआर तैयार हो चुकी है। अंतिम स्वीकृति मिलते ही टेंडर जारी कर निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा, जिससे शहर के बुनियादी ढांचे और सौंदर्यीकरण को नई गति मिलेगी।
जानिए क्या सुविधाएं होगी उपलब्ध:जयपुर स्मार्ट सिटी की ओर से डीपीआर तैयार करने का काम किया जा रहा है। जैसे ही भिवाड़ी को क्लीन एंड ग्रीन इको सिटी के रूप में विकसित कराने की ड्राइंग, लागत, डिजाइन और निर्माण अवधि सहित सभी तकनीकी पहलुओं का परीक्षण पूरा हो चुका है। प्रस्तावित परियोजना के तहत स्मार्ट रोड विकसित करने का कार्य किया जायेगा ताकि लोगों को सफर करने में अच्छी सड़क मिले, इसके अलावा कम्पनियों में काम करने वाले श्रमिकों सहित आम लोगों को पैदल पथ विकसित किया जाएगा, बेहतर पार्किंग की सुविधाएं, गाड़ियों के लिए चार्जिंग स्टेशन, ग्रीन लैंडस्केपिंग, आधुनिक बस स्टॉप, सड़कों पर स्ट्रीट लाइटिंग, झूलते बिजली के तार और भूमिगत यूटिलिटी डक्ट सहित स्ट्रीट वेंडर जोन विकसित किए जाने के साथ अन्य सुविधाएं शामिल होंगी।













