रेवाड़ी: जिला पुलिस अधीक्षक (SP) श्री हेमेंद्र कुमार मीणा के कुशल निर्देशन में ‘नशा मुक्त रेवाड़ी अभियान’ के तहत पुलिस की विशेष टीम लगातार गांव-गांव और स्कूलों में जाकर युवाओं व आमजन को जागरूक कर रही है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य युवाओं को नशे की गर्त से निकालकर शिक्षा और खेलों से जोड़ना तथा नशे के आदी लोगों को समाज की मुख्यधारा में वापस लाना है।

इन गांवों में किया जागरूक
इसी कड़ी में जिला पुलिस की नशा मुक्त टीम ने आरडीआर सीनियर सेकेंडरी स्कूल (गांव हालुहेड़ा) और गांव बिहारीपुर का दौरा किया। टीम ने विद्यार्थियों और ग्रामीणों को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत कराया तथा जीवन में कभी नशा न करने की शपथ दिलाई।
नशे के कारोबारियों की सूचना दें 1933 पर—नाम रहेगा गुप्त
पुलिस अधीक्षक हेमेंद्र कुमार मीणा ने कड़ा संदेश देते हुए कहा कि नशा बेचने वालों की असली जगह जेल में है। रेवाड़ी पुलिस प्रदेश में नशे के विरुद्ध ‘ज़ीरो टॉलरेंस’ (Zero Tolerance) नीति लागू करने के लिए पूरी तरह संकल्पबद्ध है।

एसपी ने आमजन से अपील की कि यदि उनके आसपास कोई व्यक्ति नशे की बिक्री या सप्लाई करता है, तो उसकी सूचना तुरंत दें।
- 📞 MANAS हेल्पलाइन नंबर: 1933
- 🚔 आपातकालीन नंबर: 112
नोट: सूचना देने वाले नागरिक का नाम और पता पूरी तरह गुप्त रखा जाएगा।
डोर-टू-डोर काउंसलिंग और इलाज की व्यवस्था
रेवाड़ी पुलिस की नशा मुक्त टीम रोजाना गांवों और वार्डों में डोर-टू-डोर जाकर नशा करने वालों की पहचान कर रही है।पुलिस प्रशासन स्थानीय अस्पतालों की मदद से नशा पीड़ितों की काउंसलिंग कराकर उनका इलाज करवा रहा है।पुलिस के इस अभियान से प्रेरित होकर कई युवाओं ने नशा छोड़कर पढ़ाई और खेल गतिविधियों का रास्ता चुना है।













