भिवाड़ी: बिल्डरों के फर्जी वार्ड नही थम रहे है। अब जनता समझदार हो चुकी है। इसीलिए बिल्डरों के खिलाफ लोग कोर्ट जाने लगे हैं। सोसाइटी के पूर्व मंत्री और सचिव अजीत सिंह की ओर से अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में परिवाद दायर को लेकर भिवाड़ी के एक बिल्डर के खिलाफ बडा फैसला आया है। कोर्ट के आदेश के बाद सात पदाधिकारियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।

ओमेक्स ग्रीन मिडोसिटी में बडा घोटाला
ओमेक्स ग्रीन मिडोसिटी रेजीडेंट्स वेलफेयर सोसाइटी खिजूरीवास में फर्जीवाड़े के आरोप सामने आए हैं। सोसाइटी के पूर्व मंत्री और सचिव अजीत सिंह की ओर से अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट को इस फर्जीवार्ड को लेकर शिकायत की तो दूध का दूध पानी का पानी सामने आ गया है।
फर्जी दस्तावेज तैयार करके खेला खेल
बता दे कि 4 सितंबर 2025 को अजीत सिंह के त्यागपत्र देने के बाद आरोपियों ने कथित रूप से फर्जी दस्तावेज तैयार किए, फर्जी हस्ताक्षर किए और पुरानी बैठकों के रिकॉर्ड में काट-छांटकर नई कार्यकारिणी का पंजीकरण करा लिया। सबसे अहम बात यह इसका सोसयटी को भनक तक नहीं मिली।
कागजो में बैठक तैयार और कर दिया घोटाला
बता दे शामिर लोगो ने फर्जी बैठके दिखकर बडा खेल कर दिया है। 10 अगस्त और 7 सितंबर 2025 की बैठकें हुई ही नहीं लेकिन उनकी फर्जी कार्यवाही तैयार कर सहकारिता विभाग में 18 सितंबर 2025 को नई कार्यकारिणी का पंजीकरण कराया गया।
ता दे कि ओमेक्स ग्रीन मीडो सिटी (Omaxe Green Meadow City) राजस्थान के भिवाड़ी में स्थित एक प्रीमियम इंटीग्रेटेड टाउनशिप सोसायटी है। यह प्रोजेक्ट ओमेक्स ग्रुप (Omaxe Group) द्वारा विकसित किया गया है और रहने के लिए एक आधुनिक सुविधाए उपलब् है।
यह टाउनशिप भिवाड़ी के सेक्टर 36, अलवर बाईपास रोड पर स्थित है। सबसे बडी बात यह है किक यह सोंसायटी दिल्ली-जयपुर हाईवे (NH-8) और प्रस्तावित 4-लेन अलवर रोड के निकट है।













