हरियाणा में मानसून की रफ्तार फिलहाल कुछ धीमी पड़ती नजर आई, जिसके चलते प्रदेश के कई हिस्सों में एक बार फिर गर्मी और उमस ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी। बुधवार को दिनभर कई जिलों में तेज धूप निकलने से तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की गई। मौसम विभाग का कहना है कि यह बदलाव अधिक समय तक नहीं रहेगा और अगले कुछ दिनों में प्रदेश के कई इलाकों में फिर से तेज बारिश होने की संभावना है। इसे देखते हुए कुछ जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है।
बारिश थमते ही चढ़ा पारा, सिरसा सबसे गर्म जिलों में शामिल
बीते 24 घंटों के दौरान अधिकांश क्षेत्रों में बारिश की गतिविधियां सीमित रहने से तापमान में इजाफा देखा गया। सिरसा में अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस से ऊपर दर्ज किया गया, जबकि अन्य कई जिलों में भी गर्मी और उमस का असर महसूस किया गया। दोपहर के समय तेज धूप निकलने से लोगों को चिपचिपी गर्मी का सामना करना पड़ा।फरीदाबाद से एक दर्दनाक घटना सामने आई, जहां लगातार हुई बारिश के बाद एक जर्जर मकान का छज्जा अचानक भरभराकर गिर गया। हादसे के समय पति-पत्नी छज्जे के पास मौजूद थे। मलबे की चपेट में आने से 28 वर्षीय महिला की मौके पर गंभीर चोटें आईं। स्थानीय लोगों ने तुरंत उसे अस्पताल पहुंचाया, लेकिन इलाज के दौरान डॉक्टर उसे बचा नहीं सके। हादसे में महिला का पति घायल हुआ, जिसका उपचार जारी है। बताया जा रहा है कि परिवार कुछ समय पहले ही रोजगार की तलाश में फरीदाबाद आया था।
इन जिलों में भारी बारिश की संभावना, येलो अलर्ट जारी
मौसम विभाग के अनुसार पंचकूला, अंबाला, यमुनानगर और कुरुक्षेत्र सहित आसपास के क्षेत्रों में आगामी दिनों में तेज बारिश हो सकती है। विभाग ने इन इलाकों के लिए येलो अलर्ट जारी करते हुए लोगों से मौसम की ताजा जानकारी पर नजर रखने और आवश्यकता पड़ने पर ही घर से बाहर निकलने की सलाह दी है।
प्रदेश के प्रमुख शहरों का तापमान
बुधवार को अंबाला में अधिकतम तापमान 37 डिग्री, हिसार में 36.2 डिग्री, रोहतक में 35.6 डिग्री, नारनौल में 34 डिग्री, करनाल में 33.8 डिग्री और गुरुग्राम में लगभग 31 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। तापमान में बढ़ोतरी के साथ अधिकांश क्षेत्रों में उमस भी बनी रही, जिससे लोगों को दिनभर गर्मी का अहसास हुआ।
अगले कुछ दिनों का मौसम कैसा रहेगा?
मौसम विशेषज्ञों का अनुमान है कि मानसून की गतिविधियां दोबारा सक्रिय होने के साथ हरियाणा के कई जिलों में अच्छी बारिश देखने को मिल सकती है। इससे तापमान में गिरावट आने और उमस से राहत मिलने की उम्मीद है। हालांकि, भारी बारिश वाले क्षेत्रों में जलभराव और स्थानीय स्तर पर अन्य परेशानियां भी उत्पन्न हो सकती हैं। ऐसे में लोगों को मौसम विभाग की सलाह का पालन करते हुए सतर्क रहने की आवश्यकता है।














