Haryana News: मजदूरों के लिए बड़ा तोहफा! अब जेब में आएंगे ज्यादा पैसे, देरी करने वाले अफसर भी नहीं बचेंगे

On: July 4, 2026 3:26 PM
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मजदूरों के लिए बड़ा तोहफा! अब जेब में आएंगे ज्यादा पैसे

Haryana News: हरियाणा सरकार ने ग्रामीण इलाकों में काम करने वाले श्रमिकों के लिए एक ऐसा फैसला लिया है, जिसका सीधा असर उनकी रोजमर्रा की कमाई पर पड़ने वाला है। सरकार ने मजदूरी की राशि बढ़ाने के साथ-साथ यह भी साफ कर दिया है कि अब मेहनत की कमाई मिलने में बेवजह देरी नहीं चलेगी। अगर भुगतान तय समय पर नहीं हुआ तो जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही भी तय होगी।

अब मेहनत की कीमत पहले से ज्यादा

नई व्यवस्था के तहत योजना से जुड़े श्रमिकों की दैनिक मजदूरी बढ़ाकर 409 रुपये कर दी गई है। पहले उन्हें 400 रुपये प्रतिदिन मिलते थे। सरकार का कहना है कि बढ़ती महंगाई को देखते हुए मजदूरों की आय में यह बढ़ोतरी राहत देने वाली साबित होगी।

पैसे अटकाए तो अफसरों पर गिरेगी गाज

सरकार ने मजदूरी भुगतान को लेकर भी सख्त रुख अपनाया है। अब कोशिश रहेगी कि काम पूरा होने के सात दिन के भीतर श्रमिकों के खाते में राशि पहुंच जाए। यदि किसी अधिकारी या कर्मचारी की लापरवाही के कारण भुगतान में देरी होती है तो उसके खिलाफ कार्रवाई के साथ आर्थिक जुर्माना भी लगाया जा सकता है।

रेवाड़ी, महेंद्रगढ़ और झज्जर के ग्रामीण इलाकों में भी दिखेगा असर

दक्षिण हरियाणा के रेवाड़ी, महेंद्रगढ़, झज्जर, गुरुग्राम और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में बड़ी संख्या में लोग सरकारी रोजगार योजनाओं के तहत काम करते हैं। ऐसे में नई मजदूरी दर लागू होने से इन जिलों के हजारों श्रमिक परिवारों को अतिरिक्त आर्थिक राहत मिलने की उम्मीद है। पंचायत स्तर पर चल रहे विकास कार्यों में लगे मजदूरों की आमदनी पर भी इसका सकारात्मक असर पड़ सकता है।

सालभर में ज्यादा दिनों तक मिलेगा काम

योजना के तहत पात्र श्रमिकों को साल में 125 दिनों तक रोजगार उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है। इससे गांवों में रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और सड़क, जल संरक्षण, सफाई व अन्य विकास कार्यों को भी गति मिलने की संभावना है।

सरकार का फोकस—कमाई भी बढ़े, भरोसा भी

सरकार का मानना है कि समय पर भुगतान और बढ़ी हुई मजदूरी से श्रमिकों का भरोसा मजबूत होगा। वहीं ग्रामीण विकास योजनाओं में लोगों की भागीदारी भी बढ़ेगी। नई व्यवस्था का उद्देश्य सिर्फ मजदूरी बढ़ाना नहीं, बल्कि भुगतान प्रक्रिया को ज्यादा पारदर्शी और जवाबदेह बनाना भी है।

क्यों है यह फैसला खास?

ग्रामीण मजदूर लंबे समय से समय पर भुगतान और बेहतर मजदूरी की मांग कर रहे थे। ऐसे में सरकार का यह कदम उन परिवारों के लिए राहत लेकर आया है, जिनकी आजीविका का बड़ा हिस्सा इसी तरह के रोजगार पर निर्भर करता है। आने वाले दिनों में इसका असर गांवों की आर्थिक गतिविधियों पर भी देखने को मिल सकता है।

Sunil Chauhan

सुनील चौहान हरियाणा के रेवाड़ी और धारूहेड़ा क्षेत्र की खबरों को कवर करते हैं। उन्हें पत्रकारिता में 10 वर्षों का अनुभव है वर्तमान में वे Best24News के साथ जुड़े हुए हैं ताजा और विश्वसनीय खबरें प्रकाशित कर रहे हैं।

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