हरियाणा की स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने राज्य में घटते लिंगानुपात पर चिंता जताई है। कहा कि हुए भ्रूण लिंग जांच कराने और करवाने वालों के खिलाफ अभियान पहले से जारी है लेकिन अभियान को ओर तेज करना होगा ताकि लिंगानुपात बढाया जा सके।
5 जिलों के सीएमओ से जबाव तलब
हरियाणा में लगातार खराब हो रहे लिंगानुपात को लेकर सरकार ने सख्त रुख अपना लिया है। गुरुग्राम, महेंद्रगढ़, चरखी दादरी समेत पांच जिलों के मुख्य चिकित्सा अधिकारियों से इस संबंध में जवाब मांगा गया है।
ईनामी योजना टाय टाय फिस’ बता दे हरियाणा में भ्रूण हत्या करने वालों को पकडवाने के लिए ईनामी स्कीय चलाई हुई है लेकिन जागरूकता के अभाव में यह योजना टाय टाय फीस बनी हुई है। कई बार बैठके करके लोगेां केा जागरूक किया जाता है लेकिन लोग आगे नहीं आ रहे है।
मिली जानकारी के अनुसार, बैठक में स्वास्थ्य मंत्री ने उन जिलों के अधिकारियों की जवाबदेही तय की, जहां लिंगानुपात संतोषजनक नहीं है। इसी के तहत गुरुग्राम, महेंद्रगढ़ और चरखी दादरी सहित 5 जिलों के मुख्य चिकित्सा अधिकारियों (CMO) को तलब कर आवश्यक निर्देश दिए गए।
उन्होंने अधिकारियों को अवैध लिंग जांच व गर्भपात के धंधे में शामिल तत्वों तथा केंद्रों पर चौबीसों घंटे निगरानी रखने के आदेश दिए।
बुधवार को चंडीगढ़ में आयोजित उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक के दौरान आरती राव ने स्पष्ट किया कि कन्या भ्रूण हत्या जैसे गंभीर अपराध में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और उसके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा कि गर्भ में बेटियों की हत्या केवल कानून का उल्लंघन नहीं, बल्कि समाज के लिए भी गंभीर अप*राध है। ऐसी गतिविधियों को किसी भी स्तर पर स्वीकार नहीं किया जाएगा।
स्वास्थ्य मंत्री ने उन जिलों के अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर भी नाराजगी जताई, जहां लिंगानुपात की स्थिति अपेक्षा के अनुरूप नहीं है।
उन्होंने निर्देश दिए कि अवैध रूप से लिंग जांच और गर्भपात कराने वाले केंद्रों तथा इसमें शामिल असामाजिक तत्वों पर चौबीसों घंटे निगरानी रखी जाए और उनके खिलाफ स*ख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।













