हरियाणा (Best24News): हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने विधानसभा सत्र के समापन के बाद वीरवार को नई दिल्ली स्थित ‘सेवा तीर्थ’ में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से शिष्टाचार मुलाकात की। इस उच्चस्तरीय बैठक में प्रदेश के समग्र विकास, नई औद्योगिक नीति, भारी निवेश प्रस्तावों और आधारभूत ढांचे को मजबूत करने जैसे अहम मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई और पीएम का मार्गदर्शन प्राप्त किया गया।
धरातल पर उतर रही हैं योजनाएं
मुलाकात के बाद दिल्ली में पत्रकारों से बातचीत करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि हरियाणा की नई औद्योगिक नीति को उद्योग जगत से बेहतरीन प्रतिक्रिया मिली है।
1.10 लाख करोड़ के प्रस्ताव: नई नीति लॉन्च होने के पहले ही दिन करीब 1.10 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए थे, जिनमें से लगभग 25 हजार करोड़ रुपये की परियोजनाएं धरातल पर उतर चुकी हैं।
- जापानी एमओयू (MoU): जापान दौरे के दौरान हुए 4,500 करोड़ रुपये के एमओयू में से 2,500 करोड़ रुपये की परियोजनाओं पर काम शुरू हो चुका है।
- मुंबई इंवेस्टर्स मीट: मुंबई में उद्योगपतियों के साथ हुई बैठक में लगभग 66 हजार करोड़ रुपये के एमओयू हस्ताक्षरित हुए हैं।
- गुरुग्राम के जलभराव के लिए जापानी तकनीक से बन रही महा-योजना
गुरुग्राम में जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान निकालने के लिए सरकार बड़े पैमाने पर काम कर रही है। जापानी विशेषज्ञ कंपनी Nippon Koei से गुरुग्राम के जल निकासी तंत्र (Drainage System) का सर्वे कराया जा रहा है। योजना के तहत निचले इलाकों के जलभराव का पानी नूंह के रास्ते यमुना नदी तक पहुंचाया जाएगा। IIT दिल्ली के सहयोग से 100 नए रेन वाटर हार्वेस्टिंग स्ट्रक्चर तैयार किए जाएंगे, जिससे अगले मानसून तक 25 से 30 करोड़ लीटर पानी भूजल में रिचार्ज करने का लक्ष्य है।
99 हॉटस्पॉट चिन्हित: जलभराव वाले 99 स्थानों पर वाटर हार्वेस्टिंग वेल बनाए गए हैं, जिनसे 13 हजार मीट्रिक लीटर पानी भूजल में पहुंचा है। साथ ही पहली बार नालों की डी-सिल्टिंग (सफाई) कैमरों की निगरानी में कराई जा रही है।
कांग्रेस के प्रदर्शन पर साधा निशाना
विधानसभा में विपक्ष के प्रदर्शन और वॉकआउट पर प्रतिक्रिया देते हुए मुख्यमंत्री नायब सैनी ने कहा कि कांग्रेस के पास जनता से जुड़ा कोई मुद्दा नहीं बचा है। उन्होंने 1984 के सिख दंगों के मुद्दे पर विधानसभा के भीतर एक दलित-सिख विधायक की आवाज दबाने के प्रयासों की कड़े शब्दों में निंदा की।














