रेवाड़ी। बच्चों और युवाओं में बढ़ती मायोपिया की समस्या को देखते हुए रेवाड़ी के अंबेडकर चौक स्थित आईक्यू सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में मायोपिया मैनेजमेंट इनिशिएटिव की शुरुआत की गई है। पहल के तहत बच्चों में आंखों से जुड़ी समस्याओं की समय पर पहचान, नियमित जांच और विशेषज्ञ सलाह के जरिए मायोपिया के प्रबंधन पर ध्यान दिया जाएगा।
अस्पताल के रीजनल मेडिकल डायरेक्टर डॉ. गौतम यादव, क्लिनिकल इंचार्ज डॉ. अभिनव सिनसिनवार और डॉ. विदुला ने प्रेसवार्ता के दौरान मायोपिया के कारणों, पहचान और बचाव के उपायों की जानकारी दी। विशेषज्ञों ने बच्चों और युवाओं में बढ़ रही इस समस्या पर चिंता जताते हुए स्क्रीन टाइम कम करने, आउटडोर गतिविधियों में समय बिताने, संतुलित आहार लेने और नियमित व्यायाम करने पर जोर दिया। साथ ही अभिभावकों से बच्चों की आंखों की नियमित जांच कराने की अपील की।

विशेषज्ञों के अनुसार, मायोपिया ऐसी स्थिति है जिसमें दूर की वस्तुएं स्पष्ट दिखाई नहीं देतीं। उन्होंने बताया कि मायोपिया का बढ़ना केवल चश्मे के नंबर तक सीमित नहीं माना जाना चाहिए। अधिक स्तर का मायोपिया आगे चलकर आंखों से जुड़ी गंभीर समस्याओं का जोखिम बढ़ा सकता है। ऐसे में शुरुआती पहचान और नियमित निगरानी महत्वपूर्ण है।
रीजनल मेडिकल डायरेक्टर डॉ. गौतम यादव ने कहा कि मायोपिया को केवल चश्मा लगाने की समस्या के रूप में नहीं देखना चाहिए, बल्कि इसके बढ़ने की निगरानी और उचित प्रबंधन पर भी ध्यान देना जरूरी है। बच्चों की समय-समय पर आंखों की जांच कराने से समस्या की शुरुआती अवस्था में पहचान की जा सकती है और आवश्यकता के अनुसार विशेषज्ञ की सलाह ली जा सकती है। प्रेसवार्ता के दौरान कई अभिभावक और युवा भी मौजूद रहे।













