रेवाड़ी प्रशासन के द्वारा लगातार दावे किए जा रहे हैं कि मानसून में इस साल पानी नहीं भरेगा लेकिन समय के साथ-साथ रेवाड़ी प्रशासन के सभी दावे फेल होते जा रहे हैं।
जैसे ही बारिश की शुरुआत हुई वैसे ही जिले के कई मुख्य इलाकों में पानी भर गया है और कहीं पोस्पॉस इलाकों में भी पानी भरा है। पानी भरने की वजह से लोगों की परेशानियां भी बढ़ती जा रही है।
इस साल प्रशासन के द्वारा दावा किया गया था कि रेवाड़ी में पानी बारिश के दौरान नहीं भरेगा लेकिन बारिश शुरू होते ही जगह-जगह पानी भरने लगा। पानी भरने की वजह से परेशानियां भी बढ़ने लगी।
Model Town समेत कई पॉश इलाकों में भरा पानी
रेवाड़ी के पॉश माने जाने वाले मॉडल टाउन में सबसे ज्यादा जलभराव देखने को मिला। गांधी चौक, हिंदू स्कूल और शास्त्री चौक के आसपास सड़कें पानी में डूब गईं। स्थानीय लोगों का कहना है कि हर साल बारिश के दौरान यही स्थिति बनती है, लेकिन स्थायी समाधान अब तक नहीं हो पाया है।
रेवाड़ी के सती कॉलोनी चौक, सब्जी मंडी रोड और नाईवाली चौक बने तालाब
बारिश के बाद सती कॉलोनी चौक, नाईवाली चौक और सब्जी मंडी रोड पर इतना पानी भर गया कि पैदल चलना भी मुश्किल हो गया। दोपहिया वाहन चालकों को सबसे ज्यादा परेशानी हुई, जबकि कई जगहों पर यातायात की रफ्तार भी धीमी पड़ गई।
Sector 1, 3 और 4 के रिहायशी इलाकों में बढ़ी मुश्किलें
शहर के सेक्टर-1, सेक्टर-3 और सेक्टर-4 में भी जलभराव की समस्या सामने आई। कई गलियों और सड़कों पर लंबे समय तक पानी जमा रहने से लोगों को घरों से निकलने में दिक्कत हुई। स्थानीय निवासियों ने जल निकासी व्यवस्था को लेकर चिंता जताई।
Bus Stand, Brass Market और जिला सचिवालय के सामने भी पानी जमा
बस स्टैंड परिसर, ब्रॉस मार्केट और जिला सचिवालय के सामने की सड़कों पर भी गहरा पानी भर गया। इन स्थानों पर रोजाना बड़ी संख्या में लोगों की आवाजाही रहती है, लेकिन जलभराव के कारण आम लोगों और वाहन चालकों को काफी परेशानी उठानी पड़ी।
IMT Bawal के आसपास दूषित पानी से किसान परेशान
शहर के अलावा बावल औद्योगिक क्षेत्र से जुड़े बगथला और आसलवास इलाके भी लंबे समय से जलभराव की समस्या झेल रहे हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार करीब 50 एकड़ कृषि और खाली भूमि पर औद्योगिक इकाइयों का रासायनिक और दूषित पानी जमा है। इससे खेती प्रभावित हो रही है और किसानों को लगातार नुकसान उठाना पड़ रहा है।
बारिश के साथ फिर सामने आई ड्रेनेज व्यवस्था की चुनौती
पहली अच्छी बारिश के साथ ही रेवाड़ी के कई इलाकों में जलभराव की तस्वीरें सामने आने लगी हैं। इससे साफ है कि शहर की जल निकासी व्यवस्था अभी भी बड़ी चुनौती बनी हुई है। यदि आने वाले दिनों में लगातार बारिश होती है तो लोगों की परेशानियां और बढ़ सकती हैं। ऐसे में समय रहते प्रभावी जल निकासी व्यवस्था सुनिश्चित करना प्रशासन के लिए बड़ी जिम्मेदारी होगी।











