धारूहेडा: केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंह ने कई सालों से दूषित पानी का दंश झेल मसानी के आस पास के लोगो को अब बडी राहत मिलने वाली है। क्योकि हरियाणा सरकार द्वारा मसानी के साहबी बैराज में वर्षों से जमा दूषित पानी को निकालने के लिए गेगा परियोजना का कार्य शुरू कर दिया है। बता दें कि इस परियोजना पर 228 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं।

केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंहराव सहाब सोमवार नगरपालिका परिसर धारूहेड़ा में शपथ समारोह में बोल रहे थे। इस मौके पर चेयरमैन अजय जांगड़ा व 18 पार्षदों ने शपथ ली। उन्होंने कहा मसानी बैराज के लिए हरियाणा एक बडी योजना शुरू कर दी है। इस पानी को पाइपो के माध्यम से बंगाल की खाडी में पहुचाया जाएगा।

गुजरात से मंगवाए गए है पाईप: बता दे मसानी साहबी बैराज के समीप एक उच्च क्षमता वाला आधुनिक पंप हाउस बनाया जा रहा है। क्योंकि हुए उपचारित पानी को पंपों के माध्यम से लगभग 18 किलोमीटर लंबी भूमिगत पाइपलाइन द्वारा ड्रेन नंबर-8 तक पहुंचाया जाएगा। इस परियोजना के लिए विशेष डक्टाइल आयरन (डीआई) पाइप गुजरात से मंगवाए जा चुके हैं और निर्माण एजेंसी ने मौके पर कार्य प्रारंभ कर दिया है। सरकार की ओर से पाइपों की खरीद पर करीब 50 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं, जबकि पाइपलाइन बिछाने का कार्य लगभग 8.5 करोड़ रुपये की लागत आने की संभावना है।
किसानो को मिलेगा मुआवजा: बता दे इस योजना के चलते किसानों को सर्किल रेट का 20 प्रतिशत मुआवजा दिया जाएगा। इसके लिए सरकार ने अधिसूचना जारी कर दी है और राजस्व विभाग ने आवश्यक प्रक्रिया शुरू कर दी है।
जानिए किन गांवों से गुजरेगी पाइपलाइन
परियोजना के तहत रेवाड़ी जिले के मीरपुर, रौजका, ततारपुर इस्तमुरार और खलियावास तथा गुरुग्राम जिले के महनियावास, खलीलपुर, खेतियावास, गांगली, पहाड़ी और बपास गांवों की भूमि से पाइपलाइन गुजरेगी। पहले चरण में मसानी बैराज से मौजाबाद तक लगभग 18 किलोमीटर भूमिगत पाइपलाइन बिछाई जाएगी। दूसरे चरण में मौजाबाद से झज्जर जिले के लुहारी गांव तक पानी साहिबी नदी के प्राकृतिक मार्ग से प्रवाहित होगा।

तीसरे चरण में होगा पानी निकासी का ये काम: बता दे यह काम तीन चरण में किया जाना है। तीसरे चरण में लुहारी से ड्रेन नंबर-8 तक पाइपलाइन के माध्यम से पानी पहुंचाया जाएगा। क्यों कि कई सालो से साहबी में जमा रहे पानी बदबू, जलभराव और भूजल प्रदूषण की समस्या का समाधान हो जाएगा। भविष्य में उपचारित पानी का बेहतर उपयोग होने से किसानों को सिंचाई के लिए भी अतिरिक्त जल उपलब्ध हो सकेगा।
साहबी नदी संरक्षण को लेकर 3 अगस्त को निकाली जाएगी ट्रेक्टर रैली
धारूहेड़ा: मसानी बैराज पर्यावरण एवं साहबी नदी संरक्षण व मसानी बैराज के गंदे पानी एवं प्रदूषण जल के समाधान एवं उपचार के लिए सेवानिवृत्त रेंज फॉरेस्ट ऑफिसर कमल सिंह यादव के नेतृत्व में समीक्षा बैठक की गई। पंचायत घर मसानी में आयोजित इस बैठक में आगामी रणनीति तय करने पर विचार किया गया। साथ ही बताया कि अब तक आंदोलन के तीन चरण पूरे हो चुके हैं।

बता दे कि पहला चरण 5 अप्रैल से हस्ताक्षर अभियान, दूसरा चरण 31 मई को गांव जीतपुरा से जीतपुरा से जड़थल तक और तीसरा चरण 28 जून को गांव भटसाना से बुढ़ाना चौक तक जन चेतना एवं पदयात्रा की गई। ।
चौथे चरण को लेकर रणनीति बनाई जाएगी। सहमति से 3 अगस्त को सुबह 9:00 बजे गांव तितरपुर से ट्रैक्टर रैली निकालकर जिला उपायुक्त को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन दिया जाएगा।












