हरियाणा में मौसम ने एक बार फिर करवट ले ली है। लंबे समय से बारिश का इंतजार कर रहे लोगों को अब राहत मिलने की उम्मीद जगी है। मंगलवार सुबह से प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश का दौर शुरू हो गया, वहीं मौसम विभाग ने अगले 48 घंटों के दौरान कई जिलों में तेज बारिश की संभावना जताई है। बारिश के चलते लोगों को उमस और चिपचिपाती गर्मी से भी राहत मिली है।
अगले दो दिन हरियाणा के लिए बेहद अहम, कई जिलों में भारी बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दो दिनों में हरियाणा के कई इलाकों में मानसून की गतिविधियां बढ़ सकती हैं। मंगलवार सुबह यमुनानगर सहित कई जिलों में बारिश देखने को मिली। इसके बाद मौसम विभाग ने अंबाला, पंचकूला और यमुनानगर में भारी बारिश की संभावना जताते हुए अलर्ट जारी किया है। ऐसे में इन जिलों के लोगों को अगले 48 घंटों के दौरान मौसम पर विशेष नजर रखने की जरूरत है।हरियाणा में मानसून सीजन का आधे से ज्यादा समय बीत चुका है, लेकिन बारिश की स्थिति अभी भी संतोषजनक नहीं है। 1 जून से 26 जुलाई 2026 के बीच प्रदेश में कुल 134.8 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई है। यह सामान्य बारिश के मुकाबले करीब 27 फीसदी कम है। जुलाई महीने में भी बारिश ने अभी तक मौसम विभाग के सामान्य आंकड़े को नहीं छुआ है।
जुलाई में अब तक प्रदेश में 95.8 मिलीमीटर बारिश हुई है, जबकि सामान्य तौर पर इस अवधि में 130.2 मिलीमीटर बारिश होनी चाहिए थी। यानी जुलाई में भी बारिश करीब 26 फीसदी कम रही है। अब अगले दो दिनों में होने वाली बारिश से इस कमी को कुछ हद तक पूरा होने की उम्मीद है।
रेवाड़ी समेत इन जिलों में बारिश का आंकड़ा सामान्य से बेहतर
हरियाणा के कुछ जिलों में मानसून की स्थिति प्रदेश के बाकी हिस्सों की तुलना में बेहतर रही है। महेंद्रगढ़ में अब तक 185.7 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है, जो सामान्य से करीब 3 फीसदी अधिक है। वहीं रेवाड़ी में 173 मिलीमीटर, चरखी दादरी में 175 मिलीमीटर और पलवल में 168.6 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड हुई है।इन आंकड़ों से साफ है कि प्रदेश के कुछ दक्षिणी हिस्सों में बारिश की स्थिति अपेक्षाकृत अच्छी रही है। हालांकि, राज्य के कई जिलों में अभी भी बारिश की कमी बनी हुई है, जिसे आने वाले दिनों की बारिश से कम होने की उम्मीद है।
जींद और सिरसा में सबसे बड़ा बारिश का संकट, 62 फीसदी तक कमी
हरियाणा में बारिश की सबसे ज्यादा कमी जींद और सिरसा में दर्ज की गई है। जींद में अब तक केवल 65.2 मिलीमीटर बारिश हुई है, जो सामान्य से करीब 62 फीसदी कम है। सिरसा में भी 42.9 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड हुई है और यहां भी सामान्य के मुकाबले 62 फीसदी की कमी बनी हुई है।इसके अलावा रोहतक और अंबाला में 61 फीसदी, कैथल में 47 फीसदी, सोनीपत में 38 फीसदी, हिसार में 35 फीसदी और यमुनानगर में 34 फीसदी कम बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले दो दिनों में होने वाली अच्छी बारिश से इन जिलों में बारिश की कमी कुछ हद तक कम हो सकती है।
बारिश के बीच भी गर्मी का असर कायम, सोनीपत सबसे गर्म
हरियाणा में बारिश की संभावना के बावजूद गर्मी से पूरी तरह राहत नहीं मिली है। सोमवार को प्रदेश के अधिकतम तापमान में औसतन 0.8 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई। इस दौरान सोनीपत के कैनाल रेस्टहाउस सरगथल में सबसे अधिक 38.8 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया।हिसार में अधिकतम तापमान 38.6 डिग्री, भिवानी में 38.5 डिग्री, रोहतक में 38.2 डिग्री और फरीदाबाद के बोपानी में 38.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। यानी बारिश के बाद भी प्रदेश के कई हिस्सों में गर्मी और उमस का असर बना हुआ है।














