Haryana News (Best24News) हरियाणा के स्वास्थ्य निदेशक डॉ. वीरेंद्र सिंह गुरुवार को अचानक रेवाड़ी पहुंचे। इस मौक पर निदेशक ने कोसली उपमंडल अस्पताल का औचक निरीक्षण किया। जैसे ही निदेशक ने रिकार्ड चैक किया तो काफी खामियां मिली। इसी को लेकर स्टाफ को कई फटकार लगाई। स्टाफ को चेतावनी देते हुए कहा कि व्यवस्था में किसी भी स्तर पर खामियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अगर दोबारा तो इसका खामियाजा आप लोगो को

रेफरल व्यवस्था पर कसेंगे नकेल
हरियाणा के स्वास्थ्य निदेशक डॉ. वीरेंद्र सिंह कहा कि सभी जिला व उपमंडल अस्पतालों और सीएचसी- पीएचसी स्तर पर गायिनी और सर्जन की तैनाती है। इसके बावजूद सरकारी अस्पतालों में मरीज रैफर क्यों किए जा रहे है। कहा कि हम पता लगाने का प्रयास करेंगे कि ऐसा क्यों हो रहा है। इतना ही नहीं इसके लिए जिला और निदेशालय स्तर पर जो भी कमियां होगी, उसका पता कर उन्हें दूर किया जाएगा। हमारा मकसद सरकारी अस्तपाल में पूरा ईलाज निशुल्क होना चाहिए ताकि मरीज प्राइवेट अस्पतालों में नहीं जाएं।
मरीजों का संख्या को लेकर जताई चिंता
ऐसे क्षेत्रों में मरीजों की कम संख्या का पता लगा रहे हैं। कहीं आशा वर्कर्स और एएनएम प्रसव के मामलों दूसरे अस्पतालों में तो नहीं भेज रहे या फिर अस्पताल स्तर पर किसी प्रकार की लापरवाही बरती जा रही है। जिस कारण लोगों का सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं पर भरोसा कम हो रहा है।
खामियां नहीं होगी बर्दास्त
नाहड़ सीएचसी में सीजिरियन केसों को लेकर व्यवस्था को जांचने का भी आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाना सरकार का मकसद है। इसके लिए प्रदेश में जिला से लेकर सब सेंटर तक का निरीक्षण किया जाएगा। व्यवस्था में किसी भी स्तर पर खामियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने स्टाफ का कहा मरीजों का पूरा इलाज यहां होना चाहिए जब सुविधाएं है तो उसे बाहर क्यों रैफर किया जा रहा है।














