Haryana News: हरियाणा के नूह जिले में शादी समारोह के दौरान हजारों लाखों के नोट शिवानी माला पहनने का प्रचलन दिन पर दिन बढ़ता जा रहा है। प्रशासन के द्वारा इस दिखावे पर अब रोक लगाने की तैयारी शुरू कर दी गई है।
पुलिस प्रशासन का कहना है कि विवाह में ऐसे नगदी से बने मालाओं के इस्तेमाल से गलत संदेश जा रहा है इसके साथ ही साथ अवैध फंडिंग का खतरा भी बढ़ता जा रहा है। अब शादी विवाह में हजारों लाखों के नोट से बने मालाओ पर पुलिस प्रशासन की नजर रहेगी।
नोटों की मालाओं पर पुलिस की पैनी नजर
जिला पुलिस अधीक्षक डॉ. अर्पित जैन ने बताया कि हाल के दिनों में कई ऐसे वीडियो सामने आए हैं, जिनमें दूल्हों को लाखों और यहां तक कि करोड़ों रुपये की नकदी से बनी मालाएं पहनाई गईं। पुलिस को शक है कि इस तरह के आयोजनों में काले धन और टैक्स चोरी से जुड़े पैसे का इस्तेमाल किया जा सकता है।
एसपी के अनुसार अब यदि किसी शादी समारोह में भारी मात्रा में नकदी की माला दिखाई देती है, तो संबंधित लोगों से पैसों का स्रोत पूछा जाएगा। यदि वे रकम का सही हिसाब नहीं दे पाए, तो उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है।
किराये पर नोटों की माला देने वाले भी जांच के दायरे में
पुलिस ने साफ कर दिया है कि केवल नोटों की माला पहनाने वाले ही नहीं, बल्कि किराये पर ऐसी मालाएं उपलब्ध कराने वाले लोग भी जांच के घेरे में आएंगे। प्रशासन का मानना है कि इस तरह की दिखावटी परंपराएं समाज में गलत प्रतिस्पर्धा और फिजूलखर्ची को बढ़ावा देती हैं।
समाज पर पड़ रहा गलत असर
अधिकारियों का कहना है कि शादी समारोह खुशियों का अवसर होते हैं, लेकिन पैसों का इस तरह सार्वजनिक प्रदर्शन सामाजिक असमानता और गलत मानसिकता को बढ़ावा देता है। खासतौर पर युवाओं में दिखावे की होड़ बढ़ रही है, जो आगे चलकर कई सामाजिक समस्याओं का कारण बन सकती है।







