
Haryana News: हरियाणा सरकार ने फैमिली आईडी यानी पारिवारिक पहचान पत्र (PPP) को लेकर बड़ा बदलाव किया जा रहा है। अब हरियाणा सरकार ने तकनीकी बदलाव करने का फैसला लिया है। नई व्यवस्था के तहत अब फैमिली आईडी को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से जोड़ा जाएगा। यानि इस तकनीक के जरिए परिवारों की वास्तविक आर्थिक स्थिति का मूल्यांकन AI खुद करेगा। सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सरकारी योजनाओं का लाभ केवल पात्र लोगों तक पहुंचे और अपात्र लोगों की पहचान आसानी से हो सके।Haryana News
दिसंबर 2026 तक होगी लागू: नई प्रणाली में परिवार की आय का निर्धारण केवल फैमिली आईडी में दर्ज आंकड़ों के आधार पर नहीं किया जाएगा। इसके बजाय विभिन्न डिजिटल स्रोतों से मिलने वाली जानकारी का विश्लेषण किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि इस पूरी व्यवस्था को दिसंबर 2026 तक लागू कर दिया जाए।
डिजिटल प्लेटफॉर्म तैयार: सरकार का मानना है कि AI आधारित यह प्रणाली पारिवारिक आय और खर्च से जुड़े आंकड़ों में पारदर्शिता और सटीकता लाएगी। नई व्यवस्था में सिर्फ कागजों में दिखाई गई आय को मान्य नहीं माना जाएगा, बल्कि AI यह तय करेगा कि परिवार की वास्तविक आर्थिक स्थिति क्या है। इसके लिए एक डिजिटल प्लेटफॉर्म तैयार किया जाएगा।Haryana News
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ये डाटा होगें लिंक: इस प्लेटफॉर्म को पैन कार्ड, बैंक ट्रांजेक्शन और इनकम टैक्स रिटर्न जैसे वित्तीय दस्तावेजों से जोड़ा जाएगा। इसके अलावा प्रॉपर्टी आईडी, भूमि रिकॉर्ड, स्कूल फीस, स्वास्थ्य संबंधी ABHA आईडी, बैंक लोन और EMI जैसी जानकारियों को भी फैमिली आईडी से लिंक किया जाएगा।Haryana News
कमजोर परिवारों को राहत: नई प्रणाली में खर्च को भी आय का आधार माना जाएगा। उदाहरण के तौर पर यदि कोई परिवार निजी स्कूलों में पढ़ाई और महंगी जीवनशैली पर ज्यादा खर्च कर रहा है, तो AI उस परिवार की वास्तविक आय का आकलन उसी आधार पर करेगा। वहीं यदि किसी परिवार ने घर निर्माण या जीवनयापन के लिए लोन लिया हुआ है, तो EMI की राशि को परिवार की कुल आय से घटाया जाएगा। इससे आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को राहत मिलने की उम्मीद है।Haryana News
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सरकारी योजनाओं का लाभ होगा आसान: सरकार ने किसानों को भी बड़ी राहत देने का फैसला लिया है। 5 लाख रुपये तक की किसान ई-खरीद को परिवार की कुल आय में शामिल नहीं किया जाएगा। इससे छोटे और मध्यम वर्ग के किसानों को सरकारी योजनाओं का लाभ लेने में आसानी होगी। साथ ही नई व्यवस्था में उम्र सत्यापन के लिए बड़ी संतान का जन्म प्रमाण पत्र भी मान्य माना जाएगा, जिससे उन बुजुर्गों को राहत मिलेगी जिनके पास खुद का जन्म प्रमाण पत्र नहीं है।Haryana News
अपात्र लोग होगे बाहर: सरकारी आंकड़ों के अनुसार प्रदेश में करीब 56 लाख लोग विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का लाभ ले रहे हैं। इनमें लाडो-लक्ष्मी योजना, वृद्धावस्था पेंशन और दिव्यांग पेंशन जैसी कई सामाजिक योजनाएं शामिल हैं। नई प्रणाली लागू होने के बाद पात्र लोगों को योजनाओं से जोड़ा जाएगा और अपात्र लोगों को बाहर किया जाएगा। जानकारी के अनुसार भविष्य में फैमिली आईडी को पूरी तरह आधार कार्ड से भी लिंक किया जाएगा ताकि आर्थिक स्थिति की अधिक सटीक समीक्षा हो सके।
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