धारूहेड़ा : गांव रालियावास में मंगलवार को हरकोफेड पंचकूला द्वारा किसान प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में किसानों को प्राकृतिक कृषि, सहकारिता, बागवानी, कृषि विभाग की योजनाओं और बैंकिंग सेवाओं के प्रति जागरूक किया। किसान प्रशिक्षश् में धारूहेड़ा के आस पास गांवो के किसानों ने भाग लिया।

कार्यक्रम में हरकोफेड की सुपरवाइजर पूनम यादव ने सहकारिता आंदोलन और कोऑपरेटिव सोसायटी की उपयोगिता पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए बताया कि किसान संगठित होकर अपनी आय बढ़ा सकते हैं और सामूहिक प्रयासों से बेहतर बाजार तथा सरकारी योजनाओं का अधिक लाभ उठा सकते हैं।
इस अवसर पर राष्ट्रपति किसान रत्न पुरस्कार से सम्मानित, अरावली किसान क्लब रेवाड़ी के प्रधान एवं यशोधारा कोऑपरेटिव सोसायटी के चेयरमैन यशपाल खोला ने प्राकृतिक खेती अपनाने के तरीके, कम लागत में अधिक उत्पादन, प्राकृतिक उत्पादों की मार्केटिंग, किसानों की समस्याओं और उनके समाधान के साथ सरकारी योजनाओं का लाभ लेने की जानकारी साझा की।

जिला बागवानी अधिकारी डॉ. मनदीप यादव ने किसानों को बागवानी फसलों, फलदार पौधों और आधुनिक तकनीकों के बारे में जानकारी दी। वहीं कृषि विज्ञान केंद्र बावल के हेड कोऑर्डिनेटर डॉ. बलबीर सिंह ने वैज्ञानिक पद्धति से खेती, नई कृषि तकनीकों और उन्नत कृषि प्रबंधन पर मार्गदर्शन दिया। उन्होंने कहा अधिकाशं किसान जागरूकता के अभाव में सरकार की जन कल्याणकारी योजनाओ का लाभ नहीं उठा पाते है। इसी लिए गांवों में कार्यक्र्म आयोजित कर किसानों को जागरूक किया जाता है।

इस मौके पर बावल खंड कृषि अधिकारी डॉ. मनोज कुमार ने कृषि विभाग की विभिन्न योजनाओं और अनुदान की जानकारी दी। बैंक अधिकारियों ने किसान क्रेडिट कार्ड (केसीसी), कृषि ऋण और बैंकिंग सेवाओं से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी देकर किसानों को जागरूक किया।













