Haryana News: हरियाणा के महेंद्रगढ जिले विजिलेंस टीम ने बड़ी कार्रवाई की है। टीम ने माइनिंग विभाग के क्लर्क चंद्रशेखर को गिरफ्तार किया है। इतना ही नही भ्रष्टाचार के आरोप में करीब 10 दिन पहले सहायक खनन अधिकारी को भी पंचकूला दबोचा गया था। जैसे क्लर्क् की गिरफ्तारी हुई तो विभाग में हडंकप मच गया। बता दें इस महकमे में बहुत ही ज्यादा भ्रष्टाचार लेकिन शातिर टीम को चमका देकर बच ही जाते है।Haryana News
बता दे कि माइनिंग विभाग में भ्रष्टाचार को लेकर लंबे समय शिकायतें मिल रही थी। बताया जा रहा है अधिकारी व कर्मचारी खनन माफियो से मिलकर सरकारी राजस्व को लाखों रुपये का नुकसान पहुंचा रहे थे।Haryana News: हरियाणा में बड़े जासूसी कांड का खुलासा! पाकिस्तान से जुड़े नेटवर्क का पर्दाफाश, 4 आरोपी गिरफ्तार
सयुक्त टीम ने की कार्रवाई: बता दें सूचला के आधार पर Anti Corruption Bureau Haryana (विजिलेंस) की रेवाड़ी और नारनौल टीम ने इस गिरोह को पकडने की योजना तैयार की। जांच में पता चला कि खनन विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों ने वाहन मालिकों के साथ मिलीभगत करके फर्जी दस्तावेज तैयार करवाए जाते है।
जुर्माना आधा कर लगा रहे चूना: जांच में पता चला कि कर्मचारी व अधिकारी अवैध खनन में पकड़े गए वाहनों पर निर्धारित पर्यावरण क्षतिपूर्ति के बजाय काफी कम जुर्माना वसूला जा रहा। इसके लिए वाहन मालिकों ने फर्जी शपथपत्र और गलत मूल्यांकन के दस्तावेज लगाए। जांच में यह पाया गया कि 4 लाख रुपये तक के जुर्माने को घटाकर 2 लाख या उससे भी कम कर दिया गया। जांच में पता चला कि कर्मचारी सरकार को चूना लगाकर स्वयं की जेब भर रहे है।Haryana News: रेवाड़ी कबाड गोदाम में लगी भयंकर आग
बडा गिरोह सक्रिय’ बता दे कि इस पूरे मामले में तत्कालीन खनन अधिकारी, सहायक खनन अभियंता, क्लर्क समेत कुल 17 कर्मचारियों की भूमिका संदिग्ध पाई गई है। जांच एजेंसी ने धोखाधड़ी, जालसाजी, आपराधिक षड्यंत्र और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू की थी।

















