Bihar Election 2025: बिहार विधानसभा चुनाव से पहले विपक्षी INDIA गठबंधन में सीट बंटवारे को लेकर शुरू हुई खींचतान अब खुले विवाद में बदल गई है। साफ जाहिर है कि महागठबंधन में कलह! के चलते अब इसका खामियाया भी भुगतना पड सकता है।Bihar Election 2025
बता दे कि राष्ट्रीय जनता दल (राजद) और कांग्रेस ने बिना आपसी सहमति के अपने-अपने प्रत्याशियों की सूची जारी कर दी, जिससे गठबंधन की एकता पर सवाल उठने लगे हैं। राजद ने 143 उम्मीदवार उतारे हैं जबकि कांग्रेस ने 61 सीटों पर प्रत्याशी घोषित किए हैं।
यहां क्या होगा। महांगठबंधन क्या है फाददा जब एक साथ दोनो पार्टियो ने अपने अपने प्रत्याशी उतार दिए है। हैरानी की बात यह है कि पांच सीटों — वैशाली, लालगंज, कहलगांव, वारिसलीगंज और अरवल — पर दोनों दलों ने एक-दूसरे के खिलाफ उम्मीदवार खड़े कर दिए हैं। ये महागठबधंन दोनो पार्टियों के लिए कही महंगा न पड जाए।
राजद ने यह कदम अपने प्रभाव और दबदबे को दिखाने के लिए उठाया है। उसने लगभग उतनी ही सीटों पर दावा ठोका है, जितनी पर पिछली बार लड़ी थी, ताकि अपने मतदाताओं को यह संदेश दे सके कि पार्टी किसी पर निर्भर नहीं है।
दूसरी ओर कांग्रेस, जो गठबंधन में समन्वय की उम्मीद कर रही थी, अब अंदरूनी रूप से दबाव और हताशा की स्थिति में है। पार्टी ने पांच चरणों में जैसे-तैसे अपने 61 प्रत्याशी घोषित किए, जिससे यह स्पष्ट है कि उसे राजद के फैसलों के आगे झुकना पड़ा है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह गठबंधन अब “मजबूरी का साथ” बन गया है। राजद के पास जहां ठोस सामाजिक आधार और संगठनात्मक ताकत है, वहीं कांग्रेस का जनाधार कमजोर है और वह गठबंधन पर ही निर्भर है।Bihar Election 2025
ऐसे में यह स्थिति कांग्रेस के लिए आत्मघाती साबित हो सकती है। राजद जहां अपने समर्थकों में आत्मविश्वास भरने में सफल रही है, वहीं कांग्रेस अपने अस्तित्व की जद्दोजहद में फंसी दिखाई दे रही है।Bihar Election 2025
नाम वापसी की आखिरी तारीख तक भले ही दोनों दल “सब ठीक हो जाएगा” का दावा कर रहे हों, लेकिन अब तक के रवैये से यही लगता है कि यह आश्वासन केवल दिल को बहलाने के लिए काफी है।Bihar Election 2025

















