HSEB Haryana: हरियाणा बोर्ड ने कुछ सवाल सलैबस से बाहर होने के मामले को गंभीरता से लिया है। इसी के को लेकर विशेषज्ञों से चर्चा की।इसी के चलते हरियाणा शिक्षा ने यह निर्णय लिया गया कि छात्रों को ग्रेस मार्क्स दिए जाएंगे। इस फैसले से छात्रों को काफी राहत मिली क्योंकि ग्रेस मार्क मिलने पर उनके रिजल्ट पर कोई बुरा असर नहीं पड़ेगा।HSEB Haryana
बता दे हरियाणा में 28 फरवरी को हुई 10वीं की गणित परीक्षा के बाद छात्रों में घबराहट का माहौल था। परीक्षा में 4 सवाल आउट आफ सिलेबस से आए थे, जिससे छात्रों को तनाव का सामना करना पड़ा।
अभिभावकों और शिक्षकों की शिकायत: जब पेपर बाहर से आया तो न केवल अभिभावक वही विद्यार्थियों ने इसको लेकर शिकायते की थी। इसी के तुरंत बाद ही अभिभावकों और स्कूल शिक्षकों ने हरियाणा स्कूल शिक्षा बोर्ड को इस मुद्दे पर शिकायत भेजी। अनुरोध किया कि जो सवाल सिलेबस से बाहर थे, उनके लिए छात्रों को नुकसान नहीं होना चाहिए।
ग्रेस मार्क्स का क्या होगा फायदा:बता दे हरियाणा शिक्षा बोर्ड की तरफ से छात्रों को कम से कम 10 प्रतिशत तक ग्रेस मार्क्स दिए जा सकते हैं। क्योकि जिन छात्रों को कठिन सवालों के कारण नुकसान हुआ था, उनको इन माक्र्स का नुकसान नहीं हो इसी लिए यह कदम उठाया जा रहा है।
नई किरण: बता दे हरियाणा शिक्षा बोर्ड के इस फैसले से हजारों छात्रों को उम्मीद की नई किरण मिली है। जो कम मार्क आने से परेशान थे, अब उन्हें फायदा मिल सकेगा। बोर्ड का यह कदम दिखाता है कि छात्रों की मेहनत को अनदेखा नहीं किया जाएगा।

















