Haryana News: हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी आज चंडीगढ़ सचिवालय में परिवार पहचान पत्र (पीपीपी) तथा विभिन्न जनसेवा योजनाओं से जुड़े वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक की। बैठक का मुख्य उद्देश्य प्रदेश में चल रही जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, पात्र लाभार्थियों तक योजनाओं की पहुंच तथा पारदर्शिता सुनिश्चित करना रहा।
मुख्यमंत्री ने बैठक में अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि प्रदेश का कोई भी पात्र नागरिक सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित नहीं रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना है और इस दिशा में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि योजनाओं के क्रियान्वयन में जवाबदेही सुनिश्चित की जाए तथा प्रत्येक अधिकारी अपने कार्य के प्रति पूर्ण रूप से उत्तरदायी रहे।
बैठक में उपस्थित पीपीपी स्टेट कोऑर्डिनेटर डॉ.सतीश खोला ने बताया कि परिवार पहचान पत्र के माध्यम से प्रदेश के नागरिकों को वर्तमान में लगभग 420 सरकारी योजनाओं और सेवाओं का लाभ पारदर्शी एवं सरल तरीके से मिल रहा है। उन्होंने कहा कि पीपीपी प्रणाली ने नागरिक सेवाओं को डिजिटल और सुगम बनाकर आमजन को बड़ी राहत प्रदान की है।
समीक्षा बैठक में जानकारी दी गई कि परिवार पहचान पत्र के माध्यम से अब तक 36 लाख से अधिक आय प्रमाण पत्र जारी किए जा चुके हैं। इसके अतिरिक्त 21 लाख से अधिक बीसी (Backward Class) प्रमाण पत्र, 18 लाख से अधिक अनुसूचित जाति प्रमाण पत्र तथा 8.41 लाख ओबीसी प्रमाण पत्र जारी किए गए हैं। अधिकारियों ने बताया कि यह पूरी प्रक्रिया डिजिटल माध्यम से तेज, पारदर्शी और नागरिक हितैषी बनाई गई है।
बैठक में यह भी बताया गया कि प्रदेश में 39.84 लाख बीपीएल राशन कार्ड धारकों को लाभ मिल रहा है। इसके साथ ही 2.14 लाख से अधिक दिव्यांगजन पेंशन का लाभ प्राप्त कर रहे हैं। आयुष्मान भारत योजना के अंतर्गत लगभग 82 लाख आयुष्मान कार्ड बनाए जा चुके हैं, जिससे जरूरतमंद नागरिकों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध हो रही हैं।
सामाजिक सुरक्षा योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए अधिकारियों ने बताया कि 22.49 लाख बुजुर्ग नागरिकों को वृद्धावस्था सम्मान पेंशन का लाभ मिल रहा है, जबकि 9.10 लाख महिलाओं को विधवा पेंशन प्रदान की जा रही है। इसके अतिरिक्त लगभग 10 लाख लाभार्थियों को लाडो लक्ष्मी योजना का लाभ दिया जा रहा है। वहीं 79 हजार से अधिक विधुर एवं अविवाहित नागरिक भी पेंशन योजनाओं से लाभान्वित हो रहे हैं।
बैठक में विवाह शगुन योजना और दयालु योजना की प्रगति पर भी चर्चा की गई। अधिकारियों ने जानकारी दी कि अब तक 1.23 लाख परिवारों को विवाह शगुन योजना का लाभ मिला है, जबकि 57,257 लाभार्थियों को दयालु योजना के अंतर्गत सहायता प्रदान की गई है।
उन्होंने कहा कि हरियाणा प्रदेश योजनाओं के पारदर्शी क्रियान्वयन में देशभर में नंबर वन बनकर उभरा है। उन्होंने कहा कि तकनीक आधारित प्रशासन और परिवार पहचान पत्र जैसी अभिनव व्यवस्था के कारण योजनाओं का लाभ सीधे पात्र नागरिकों तक पहुंच रहा है। इससे भ्रष्टाचार पर रोक लगी है तथा सरकारी सेवाओं में पारदर्शिता और विश्वास बढ़ा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार “अंत्योदय” की भावना के साथ कार्य कर रही है और समाज के हर वर्ग तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनहित से जुड़े मामलों का त्वरित समाधान किया जाए तथा नागरिकों को सेवाओं के लिए अनावश्यक कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।
बैठक में विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी एवं संबंधित विभागों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
















