रेवाड़ी जिले के राशन कार्डधारकों के लिए सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत एक अहम बदलाव लागू किया गया है। खाद्य एवं आपूर्ति विभाग ने राशन वितरण व्यवस्था को अधिक व्यवस्थित और सुविधाजनक बनाने के उद्देश्य से नया वितरण मॉडल लागू किया है। अब लाभार्थियों को पहले की तुलना में अलग प्रक्रिया के तहत राशन मिलेगा। ऐसे में हर राशन कार्डधारक के लिए नए नियमों की जानकारी होना बेहद जरूरी है, ताकि किसी भी प्रकार की असुविधा या लाभ से वंचित होने की स्थिति पैदा न हो।विभाग का कहना है कि नई व्यवस्था का उद्देश्य राशन वितरण को अधिक पारदर्शी, व्यवस्थित और समयबद्ध बनाना है। पहले हर महीने अलग-अलग राशन वितरण किया जाता था, लेकिन अब पूरे वर्ष को छह वितरण चक्रों में विभाजित कर दिया गया है। इससे डिपो पर भीड़ कम होगी, खाद्यान्न का बेहतर प्रबंधन हो सकेगा और लाभार्थियों को समय पर राशन उपलब्ध कराने में आसानी होगी।
नई व्यवस्था में क्या रहेगा सबसे बड़ा बदलाव?
अब प्रत्येक वितरण चक्र के पहले महीने में लाभार्थियों को उसी महीने के साथ अगले महीने का गेहूं भी एक साथ उपलब्ध कराया जाएगा। यानी पात्र परिवार चाहें तो एक ही बार में दो महीने का गेहूं प्राप्त कर सकते हैं। इससे बार-बार डिपो जाने की आवश्यकता कम होगी और वितरण प्रक्रिया भी अधिक सुचारु तरीके से संचालित की जा सकेगी।नई व्यवस्था में समय सीमा का विशेष ध्यान रखना होगा। यदि कोई लाभार्थी वितरण चक्र के पहले महीने का गेहूं निर्धारित अवधि में प्राप्त नहीं करता है, तो उस महीने का उसका अधिकार समाप्त माना जाएगा। हालांकि अगले महीने का गेहूं वह पहले महीने में भी ले सकता है या फिर संबंधित दूसरे महीने में जाकर भी प्राप्त कर सकता है। इसलिए राशन वितरण की तारीखों पर नजर रखना पहले से अधिक जरूरी हो गया है।
रेवाड़ी के लाखों परिवारों पर पड़ेगा सीधा असर
जिले में 239 उचित मूल्य की दुकानों (डिपो) के माध्यम से लगभग 1.28 लाख राशन कार्डधारकों और 4.69 लाख से अधिक पंजीकृत सदस्यों को गेहूं, चीनी तथा अन्य आवश्यक खाद्य सामग्री वितरित की जाती है। नई व्यवस्था लागू होने के बाद सभी पात्र लाभार्थियों को इसी प्रणाली के अनुसार राशन मिलेगा।अगस्त माह की एलोकेशन में इस बार सरसों का तेल शामिल नहीं किया गया है। इससे कई लाभार्थियों के बीच यह चर्चा शुरू हो गई है कि आने वाले समय में तेल का वितरण बंद हो सकता है। हालांकि खाद्य एवं आपूर्ति विभाग ने स्पष्ट किया है कि इस संबंध में अभी तक कोई आधिकारिक आदेश जारी नहीं हुआ है। इसलिए फिलहाल लाभार्थियों को किसी भी अफवाह पर ध्यान देने के बजाय विभाग के आधिकारिक निर्देशों का इंतजार करना चाहिए।
अक्टूबर में मिलेगा अतिरिक्त अनाज, जानिए किसे कितना लाभ मिलेगा
विभाग के अनुसार अक्टूबर वितरण चक्र में पात्र राशन कार्डधारकों को गेहूं के साथ बाजरा भी वितरित किया जाएगा। अंत्योदय (AAY) परिवारों को 23 किलोग्राम गेहूं और 12 किलोग्राम बाजरा मिलेगा, जबकि बीपीएल परिवारों को निर्धारित पात्रता के अनुसार 4 किलोग्राम गेहूं और 1 किलोग्राम बाजरा उपलब्ध कराया जाएगा।खाद्य एवं आपूर्ति विभाग की इस नई व्यवस्था का उद्देश्य लाभार्थियों को अधिक सुविधा देना और राशन वितरण प्रणाली को बेहतर बनाना है। हालांकि इसका पूरा लाभ तभी मिलेगा, जब पात्र परिवार तय समय के भीतर अपना राशन प्राप्त करेंगे। इसलिए राशन वितरण से जुड़ी नई समय-सारिणी और नियमों की जानकारी रखना प्रत्येक राशन कार्डधारक के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।














