धारूहेड़ा : शुक्रवार को छात्र गुटों के आपसी विवाद के चलते गोकलपुर गांव में माढैया निवासी कंपनी कर्मी जतिन और निगानियावस निवासी हिमेश की मौत हो गई थी। शनिवार को निगांनियावास गांव में पंचायत हुई। जिसमें 25 गांवों के सरपंच शामिल हुए। पंचायत करने के बाद ग्रामीण एसपी से मिलने रेवाड़ी पहुंचे। एसपी की ओर से हत्या का मामला दर्ज करने के आश्वासन पर ग्रामीण शव लेने को तैयार हुए।

निगांनिवास में हुई बैठक: दोनो छात्रो की हत्या को लेकर धारूहेड़ा के लोगो मे काफी रोष देखने को मिला। गुस्साए 25 गांवो के लोगो ने निंगानियावास में महा पंचायत की तथा इस मामले को रणनीति तैयार की। करीब 11 बजे गांव में आयोजित बैठक में 31 लोगो की कमेटी बनाई तथा उसके बाद कमेटी के लोग एसपी से मिलने पहुचें।
गाड़ी से कुचलकर की थी दो युवकों की हत्या
बता दे कुछ दिन पहले एक कालेज से शुरू हुआ मामूली विवाद शुक्रवार को खूनी खेल में बदल गया। शुक्रवार को गाड़ी से कुचलकर दो युवकों की हत्या कर दी गई। जिसमें गांव माढैया निवासी 22 वर्षीय जतिन और निगाणियावास निवासी हिमेश की मौत हो गई। दो बार गांव बुडानी में दोनों गुटो दो बार आमने-सामने आए। गुरुवार को कॉलेज में दोनों गुटों के बीच हुए विवाद के बाद पुलिस को बुलाना पड़ा।

एसपी से मिला उआश्वासन
एसपी से मिलने के बाद प्रतिनिधिमंडल के सदस्य कार्तिक यादव ने कहा कि एसपी ने हमें अब तक की पुलिस कार्रवाई से अवगत करवाया। हमने एसपी के सामने घटना को लेकर क्षेत्र में कानून व्यवस्था की स्थिति पर चिंता जताई। आपराधियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। जिस पर उचित कार्रवाई का आश्वासन मिला।
9 पर हत्या का मामला: शुक्रवार को छात्र गुटों के आपसी विवाद में गोकलपुर गांव में माढैया निवासी कंपनी कर्मी जतिन और निगानियावस निवासी हिमेश की मौत हो गई थी। सदर पुलिस ने 9 आरोपियों को नामजद कर अन्य के खिलाफ हत्या सहित विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया था। जतिन के शव का शुक्रवार शाम को पोस्टमार्टम हो गया था, जबकि हिमेश के परिजनों ने शव का पोस्टमार्टम करवाने से इंकार कर दिया था।
शनिवार को हिमेश का किया अंतिम संस्कार: एसपी के आशवासन के बाद शनिवार दोपहर निगांनियावास के रहने वाले हिमेश को पोस्टमार्टम करवाने के बाद शव परिजनों को सोंपा तथा दोपहर बाद गांव में उसका अंतिम संस्कार किया गया।
महांपचायत में निगांनियावास के अलावा महेश्वरी से उमेश, आशियाकी से सरपंच तेजपाल, भटसाणा से भूप सिंह, रालियावास से अशोक कुमार, निगांनियावास से देशराज, सुंदरपाल, प्यारेलाल, गजराज, महेंद्र, कंवर सिंह, श्योचंद, मुकेश, ललित, राकेश, सुभाष, जगमाल, साधुराज, जयपाल, अशोक, विपिन, प्रीतम, सतीश, विनोद, सुनील विजय सरपंच आदि मोजूद रहे।














