Breaking News: रेवाड़ी के एसडीएम एवं नोडल अधिकारी सुरेश कुमार शहर में रेवाडी में नालों की सफाई का निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि सर्कुलर रोड पर अभी तक नालों की सफाई हुई ही नहीं है। बाजार में भी 15 से 20 प्रतिशत तक सफाई हो पाई है। बदहाल सफाई को लेकर डीसी से टीम को सफाई अभियान को तेज करन की बात कहींं। बता दे कि मानसून से नालों और सीवर की सफाई के पुख्ता दावे किए जाते हैं। लेकिन हर साल इस काम में करोड़ों रुपए खर्च होते है। लेकिन बरसात के मौसम में सड़कों और गलियों में जमा पानी खुद ही दावों की पोल खोल देता है।
139.59 करोड से होगी सफाई
डीसी ने अपने आदेशों में रेवाड़ी नगर परिषद द्वारा 139.59 करोड़ और बावल और धारूहेड़ा नगर पालिका में 30 साइटों के निरीक्षण के आदेश दिए थे। इनमें से डीसी ने बावल रोड से तुर्कियावास रोड तक साइट अपने पास रखी हैं। सेक्टर-4 की स्ट्रॉम वाटर ड्रेन का जिम्मा एडीसी राहुल मोदी को सौंपा हैं। पत्र में स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि संबंधित विभागों के अधिकारी अपने नोडल अधिकारी से संपर्क कर निर्धारित अवधि तक सफाई करना सुनिश्चित करें।Breaking News
साइटों की जिम्मेदारी सौंपी
बावल और धारूहेड़ा की भी 30 साइटों के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त किए गए हैं। इनमें बावल की 16 और धारूहेड़ा की 14 साइट शामिल हैं। रेवाड़ी में डीसी-एडीसी के अलावा जिला निगमायुक्त, सीटीएम और एसडीएम रेवाड़ी को नोडल अधिकारी लगाया है। बावल और धारूहेड़ा की अधिकतर साइटों की जिम्मेदारी एसडीएम बावल को सौंपी गई है। रेवाड़ी और जाटुसाना ड्रेन का जिम्मा एसडीएम कोसली के पास रहेगा।
सिर्फ कागजों में हो सफाई
डीसी अभिषेक मीणा ने स्वयं और एडीसी राहुल मोदी के साथ जिला नगरायुक्त, सीटीएम, रेवाड़ी, कोसली और बावल एसडीएम को निरीक्षण के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त किया था। जिसमें 30 जून तक सभी नोडल अधिकारियों को अपनी-अपनी साइटों का निरीक्षण कर अपनी रिपोर्ट डीसी ऑफिस में जमा करवाने और बरसात शुरू होने से पहले सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए थे।
धारूहेड़ा में सफाई को लेकर बुरा हाल है। एक जुलाई को शपथ समारोह होने के बाद सफाई व्यवस्था पर जोर दिया जाएगा। पिछले साल से ही बार बार सफाई के लिए कहा जा रहा है लेकिन कागजों में सफाई हो रही है। सफाई व्यवस्था को निरीक्षण किया तो ठीक नही मिली। डीसी ने अधिकारियो का फटकार लगाई।













