Haryana: दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम ने उपभोक्ताओं को निर्बाध और गुणवत्तापूर्ण विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। निगम 220 नए फीडर विकसित कर रहा है, जिनसे बिजली प्रणाली मजबूत होगी और उपभोक्ताओं को लगातार बिजली मिल सकेगी। इन फीडरों के निर्माण पर कुल ₹147.94 करोड़ की लागत आएगी। काम तेजी से शुरू कर दिया गया है और इसे 31 मार्च तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है, ताकि गर्मियों में बिजली की कमी न हो। नए फीडरों के जुड़ने से बिजली का भार संतुलित होगा और ट्रिपिंग की समस्या भी कम होगी।
पावर निगम के दो सर्किल—गुरुग्राम-वन और गुरुग्राम-टू—जिले में विद्युत संचालन की निगरानी करते हैं। वर्तमान में इन दोनों सर्किलों में 1,180 फीडरों से बिजली आपूर्ति की जा रही है। अब निगम ने 220 नए फीडरों के विकास का निर्णय लिया है। इसमें सर्किल-वन में 133 और सर्किल-टू में 87 फीडरों पर सुदृढ़ीकरण और विस्तार कार्य किया जाएगा। अधिकारियों का कहना है कि नए फीडरों को मौजूदा नेटवर्क से जोड़ने से उपभोक्ताओं को अधिक स्थिर और निर्बाध बिजली आपूर्ति मिल सकेगी।
निर्माण लागत और कार्य विभाजन
मानसार डिवीजन में सबसे अधिक 93 फीडर विकसित किए जाएंगे, जिनकी लागत ₹64.89 करोड़ होगी। सब-अर्बन डिवीजन में 87 फीडर बनाए जाएंगे, जिनके लिए ₹41.94 करोड़ का टेंडर जारी किया गया है। सिटी डिवीजन में 40 फीडर बनाए जाएंगे। तीन उपखंडों के काम को दो पैकेजों में बांटा गया है। पैकेज-1 में न्यू पालम विहार उपखंड में 17 फीडरों का कार्य ₹23.18 करोड़ की लागत से किया जाएगा। पैकेज-2 में IDC और कादीपुर उपखंडों में 23 फीडरों का विस्तार और सुदृढ़ीकरण ₹17.93 करोड़ में किया जाएगा।
उपभोक्ताओं को मिलेगा लाभ
निगम के संचालन निदेशक विपिन गुप्ता ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि 11 KVA फीडरों का निर्माण और सुधार कार्य समयसीमा के भीतर पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि बढ़ती मांग को देखते हुए तकनीकी रूप से बिजली प्रणाली को मजबूत करना आवश्यक है, ताकि गर्मियों में भी आपूर्ति में कोई व्यवधान न आए। नए फीडरों के संचालन के बाद लोड शेयरिंग में सुधार होगा और उपभोक्ताओं को वोल्टेज समस्याओं से राहत मिलेगी। निगम का उद्देश्य आने वाले महीनों में पूरी तरह से भरोसेमंद और उपभोक्ता-केंद्रित बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करना है। श्यामबीर सिंह सैनी, सुपरीटेंडिंग इंजीनियर (सर्किल-वन) ने भी कहा कि सभी कार्य को जल्द से जल्द पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं।

















