Haryana: सिंचाई एवं जल संसाधन मंत्री श्रुति चौधरी ने कहा कि 15 मई को बीबीएमबी की एक तकनीकी समिति की बैठक आयोजित की गई जिसमें हरियाणा राज्य के लिए 10300 क्यूसेक पानी आवंटित किया गया।
हरियाणा राज्य ने नरवाना ब्रांच की आरडी 160000’ पर 3600 क्यूसेक और बीएमएल की आरडी 390000’ पर 6700 क्यूसेक के वितरण के साथ हरियाणा संपर्क बिंदुओं पर आवंटित पानी छोड़ने के लिए दिनांक 19 मई को एक्सईएन/बीएमएल पटियाला को 10300 क्यूसेक का मांगपत्र दिया और उसके अगले दिन एक्सईएन/बीएमएल पटियाला ने पानी छोड़ने के लिए बीबीएमबी को मांगपत्र दिया। 21 मई को बीबीएमबी ने संचालन मैनुअल के अनुसार लोहंद से दोपहर 1:35 बजे नांगल हाइडल चैनल में पानी बढ़ाना शुरू कर दिया।
उन्होंने बताया कि हरियाणा संपर्क बिंदु पर 10300 क्यूसेक में से 3600 क्यूसेक पानी नरवाना शाखा में छोड़ा जाएगा जो डब्ल्यूजेसी प्रणाली जींद, भिवानी, रोहतक, झज्जर और दक्षिणी हरियाणा के जिलों की जरूरतों को पूरा करेगा और बीएमएल के आरडी 390000’ पर प्राप्त 6700 क्यूसेक पानी हिसार, सिरसा, फतेहाबाद जिलों की मांगों को पूरा करते हुए बरवाला लिंक चैनल और बीएमएल समूह की पूंछ को आपूर्ति की जाएगी।
मंत्री श्रुति चौधरी ने कहा कि पानी पहुंचने के बाद शुक्रवार से राज्य में पानी की कोई कमी नहीं होगी और पेयजल की जरूरतों के साथ-साथ सिंचाई उद्देश्य की मांग भी पूरी हो जाएगी।
वहीं उन्होंने पंजाब के मुख्यमंत्री पर पानी को लेकर राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि हरियाणा के पास भी बीबीएमबी से मिले पानी के पुराने आंकड़े मौजूद हैं इसलिए पंजाब, हरियाणा का हक डकराने की कोशिश ना करे। साथ ही उन्होंने केंद्र सरकार के फैसले की सराहना करते हुए कहा कि डैम की सुरक्षा सीआईएसएफ के हवाले करना एक अच्छा कदम है।














