Rewari Breaking News: रेवाड़ी के कोसली क्षेत्र में बंदरों का आतंक काफी ज्यादा बढ़ चुका है मल्लूपुरा नंदयान मोहल्ला में बंदरों के हमले से अभी तक 50 लोग घायल हो चुके हैं। आपको बता दे कि बंदरों की वजह से स्थानीय लोग घर से बाहर निकलने में भी डरने लगे हैं।
पहले गांव की बुजुर्ग महिलाएं देवी माता के मंदिर में रोजाना भजन कीर्तन करने जाती थी लेकिन बंदरों के आतंक के वजह से महिलाएं मंदिर जाना छोड़ दी हैं। बंदरों ने अभी तक कई बुजुर्ग महिलाओं को काट लिया है।
दिन भर सड़क पर बैठे रहते हैं बंदर
स्थानीय निवासियों ने बताया कि बंदरों का झुंड पूरे दिन सड़क पर बैठा रहता है और जब कोई उधर से जाता है तो वह राहगीरों पर हमला करते हैं और उनके पास जो भी समान होता है उन्हें छीन लेते हैं।
शिकायत के बाद भी प्रशासन ने नहीं की कार्रवाई
ग्रामीणों का कहना है कि इस संबंध में कई बार प्रशासन से शिकायत किया जा चुका है लेकिन अभी तक कोई भी ठोस कदम नहीं उठाया गया है। कोसली के ग्रामीण रेवाड़ी में आयोजित होने वाले समाधान शिविर में अब ग्रामीण अपनी मांग उठने वाले हैं।
गांव के सरपंच रामकिशन ने बताया कि क्षेत्र में बंदरों के झुंड लोगों पर हमला कर रहे हैं और इसके बारे में उन्हें भी जानकारी मिली है। उन्होंने बंदर पकड़ने वालों से बात भी किया है और जल्द ही इन सभी बंदरो को पड़कर उन्हें सुरक्षित स्थान पर भेज दिया जाएगा। गांव के सरपंच ने लोगों को आश्वासन दिया है कि उन्हें जल्द ही इस समस्या से छुटकारा मिलेगा।
वही गांव के लोक प्रशासन से तत्काल कार्रवाई करने के लिए कह रहे हैं ताकि राहगीरों को सुरक्षा मिल सके। सिर्फ कोसली ही नहीं बल्कि रेवाड़ी के कई क्षेत्र में बंदरों का आतंक देखने को मिल रहा है।


















