Menace of Stray Cattle in Rewari: रेवाड़ी शहर में बेसहारा गोवंशों का आंतक बढता ही जा रहा है। एक बार फिर रेवाड़ी में एक गोवंश ने उत्तर प्रदेश निवासी सुखलाल पर अचानक हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। इससे पहले गौवश तीन लोगों की जान ले चुके है। सबसे अहम बात यह है हर बार बली देने के बावजूद प्रशासन इसको लेकर गंभीर नही है।
सरेआम घूम रही दूधवाली गाय: रेवाड़ी रातभर दूधवाली गाये घूमती रहती है वो जैसे ही मौका मिलता किसी न किसी अपना शिकार बना ही लेती है। हर साल कागजोंं में गोवश पकडने का ठेका दिया जाता है जबकि घरातल पर कोई काम नहीं होता है यही कारण तेजी से गोवशो की सख्या बढती जा रही है।Menace of Stray Cattle in Rewari
कमाई का बना जरीया: गोवश पकडने का धधा आजकल अधिकारियों की कमाई का जरीया बना हुआ है। जो एजेंसी काम लेती है उसे टाईअप करके जनता की कमाई को चूना लगा रहे है। यही कारण है सरेआम घूम रही दूध वाली गायों को पकडा नही जाता है। अगर पकड भी ली तो इनके मालिक छुडवा ले जाते है ओर जेब भरने वाले अधिकारी चुप्पी साध लेते है।Menace of Stray Cattle in Rewari
गाय ने किया हमला: बता दे कि सुखलाल अंसल टाउन में किराए के मकान में रहते हैं। देर रात वे कुछ सामान खरीदने दुकान की ओर जा रहे थे। अंसल स्थित गौक्रांति गोशाला के बाहर गायों का एक झुंड बैठा था। वहां से गुजरते समय एक गाय ने उन पर हमला कर दिया।
पूर्व सैनिक की हो चुकी मौत: बता दें यह कोई पहला केस नहीं है। कुछ दिन पहले सेक्टर-4 में आवारा पशुओं के हमले में एक पूर्व सैनिक को घायल कर दिया था जिसकी उपचार के दौरान मौत हो गई थी। इससे पहले भी आवारा सांडों ने एक फोटोग्राफर और एक बुजुर्ग महिला की जान ले ली थी।Menace of Stray Cattle in Rewari





















