Tax News: केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज संसद में वित्त वर्ष 2026-27 का वार्षिक बजट पेश किया। बजट पेश करने से पहले वह राष्ट्रपति भवन पहुंचीं, जहां राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने उन्हें दही-चीनी खिलाकर शुभकामनाएं दीं। बजट भाषण में वित्त मंत्री ने कहा कि यह बजट युवाशक्ति से प्रेरित है और तीन प्रमुख कर्तव्यों पर आधारित है, जिसका उद्देश्य देश की अर्थव्यवस्था को अधिक सरल, पारदर्शी और विकासोन्मुख बनाना है।
सजा की बजाय जुर्माना भरने का प्रावधान: बजट में सबसे बड़ा ऐलान नए इनकम टैक्स सिस्टम को लेकर किया गया। वित्त मंत्री ने बताया कि 1 अप्रैल 2026 से नया इनकम टैक्स कानून लागू किया जाएगा, जो मौजूदा आयकर अधिनियम 1961 की जगह लेगा। नए सिस्टम के तहत टैक्स से जुड़े मामलों में सजा के बजाय जुर्माना भरकर राहत लेने का प्रावधान किया गया है। गलत रिपोर्टिंग के मामलों में भी जुर्माने के साथ छूट का विकल्प मिलेगा। इसके साथ ही भारत में डेटा सेंटर स्थापित करने वाली कंपनियों को टैक्स में विशेष छूट देने का प्रस्ताव रखा गया है।Tax News
पुरानी जटिल भाषा हटेगी: वित्त मंत्री ने कहा कि नया इनकम टैक्स कानून अनावश्यक प्रावधानों और पुरानी जटिल भाषा को समाप्त करेगा। इसके तहत इनकम टैक्स रिटर्न फॉर्म को और अधिक सरल बनाया जाएगा, ताकि आम करदाताओं को आसानी हो। लागू टैक्स दर के अलावा 10 प्रतिशत अतिरिक्त छूट का भी लाभ दिया जाएगा। यह नया कानून छह दशक पुराने आयकर अधिनियम 1961 की जगह लेगा, जिसे मौजूदा समय की जरूरतों के अनुसार पूरी तरह से नया स्वरूप दिया गया है।
आयकर अधिनियम की धाराओं की संख्या होगी कम‘ सरकार के अनुसार, नए कानून में आयकर अधिनियम की धाराओं की संख्या 819 से घटाकर 536 और अध्यायों की संख्या 47 से घटाकर 23 कर दी गई है। शब्दों की संख्या भी 5.12 लाख से घटाकर करीब 2.6 लाख कर दी गई है। स्पष्टता बढ़ाने के लिए पुराने जटिल प्रावधानों की जगह 39 नई सारणियां और 40 नए सूत्र शामिल किए गए हैं। सरकार का मानना है कि इस सुधार से टैक्स सिस्टम ज्यादा पारदर्शी होगा और करदाताओं का अनुपालन बोझ कम होगा।

















