GLS Fire: हरियाणा के जिला रेवाड़ी के बावल के सेक्टर-5 स्थित इंक बनाने वाली केमिकल कंपनी जीएलएस (GLS) में गत 19 मई (मंगलवार) दोपहर करीब 12 बजे अचानक लगी भीषण आग की स्थिति का जायजा लेने के लिए आज पुलिस अधीक्षक श्री हेमेंद्र कुमार मीणा ने जिला उपायुक्त श्री अभिषेक मीणा के साथ घटनास्थल का दौरा किया। दोनों वरिष्ठ अधिकारियों ने मौके पर चल रहे राहत और बचाव कार्यों की समीक्षा की तथा संबंधित अधिकारियों को नियम अनुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए।GLS Fire
पूरी रात चला ऑपरेशन: पुलिस अधीक्षक हेमेंद्र कुमार मीणा ने बताया कि मंगलवार दोपहर जैसे ही केमिकल कंपनी में आग लगने की सूचना मिली, तुरंत फायर ब्रिगेड की कई टीमों और भारी पुलिस बल को मौके पर तैनात कर दिया गया था। पूरी रात चले बेहद कड़े और जोखिम भरे प्रयासों के बाद अब आग पर काबू पा लिया गया है।

6 लोगों का सुरक्षित रेस्क्यू: बता दे बावल कंपनी में हुए इस दर्दनाक हादसे के दौरान जिला पुलिस और प्रशासन की मुस्तैदी से अब तक 6 लोगों को सुरक्षित बाहर (रेस्क्यू) निकाला जा चुका है। ये सभी लोग झुलसने के कारण घायल हुए हैं, जिन्हें बिना समय गंवाए अस्पताल में दाखिल करवा दिया गया है, जहां डॉक्टरों की देखरेख में उनका उपचार जारी है।
NDRF ने संभाला मोर्चा: डीसी रेवाड़ी ने बताया कि किसी भी प्रकार की चूक या लापरवाही की गुंजाइश न छोड़ते हुए, आज एनडीआरएफ (NDRF) की विशेष टीम को मौके पर बुला लिया गया है। NDRF की टीम द्वारा घटनास्थल पर सघन चेकिंग, सर्च और रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया जाएगा ताकि मलबे या प्रभावित क्षेत्र में हर एक कोने की बारीकी से जांच की जा सके।
कर्मचारी लापता होने पर मामला दर्ज: एसपी हेमेंद्र कुमार मीणा ने बताया कि घटना के बाद से एक व्यक्ति के लापता (मिसिंग) होने की सूचना प्राप्त हुई है। पुलिस ने इस पर तुरंत तत्परता दिखाते हुए नियमानुसार मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस और प्रशासन सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर गहराई से जांच कर रहे हैं।
लापरवाही बरतने वालों पर होगी सख्त कानूनी कार्रवाई: पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट और कड़े शब्दों में कहा: “प्रशासन की पहली और सर्वोच्च प्राथमिकता राहत, बचाव और सर्च ऑपरेशन को सफलतापूर्वक पूरा करना है। इसके तुरंत बाद इस पूरी घटना की विस्तृत और निष्पक्ष जांच कराई जाएगी।
जांच में यदि कंपनी प्रबंधन या किसी भी स्तर पर सुरक्षा मानकों में लापरवाही सामने आती है, तो दोषियों के खिलाफ नियमानुसार सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।”
वर्तमान में जिला प्रशासन और पुलिस की टीमें पूरी तरह से मौके पर मुस्तैद हैं और स्थिति पर 24 घंटे पैनी नजर बनाए हुए हैं।