कोई भी कर्मचारी अपनी रिटायरमेंट से पहले अपने भविष्य की योजना बनाता है। जब कोई भी कर्मचारी रिटायर होता है, तो उसके लिए यह खुशी का पल होता है। रिटायरमेंट पर कर्मचारी को ग्रेच्युटी मिलती है और पेंशन का लाभ भी मिलता है।
पद और विभाग के अनुसार रिटायरमेंट
केंद्र और राज्य सरकार के कर्मचारियों के लिए विभागों और पदों के हिसाब से रिटायरमेंट की उम्र तय होती है। हाल ही में कर्मचारियों की रिटायरमेंट उम्र (Retirement Age Hike) पर बड़ा अपडेट आया है। देश के राज्यों में भी कर्मचारी अलग-अलग उम्र में रिटायर हो सकते हैं।
कर्मचारियों की उम्र बहस का विषय
केंद्रीय कर्मचारियों की रिटायरमेंट उम्र को लेकर आमतौर पर बहस होती रहती है। कर्मचारियों की रिटायरमेंट उम्र को लेकर केंद्र सरकार की तरफ से जवाब आया है। सांसद तेजवीर सिंह ने कर्मचारियों की उम्र को लेकर संसद में सवाल पूछा था, जिसका जवाब आ गया है।
केंद्रीय कर्मचारियों की रिटायरमेंट (Centre govt employee Retirement age) के लिए केंद्रीय सिविल सेवा (पेंशन) नियम 2021 मौजूद है। साथ ही, अखिल भारतीय सेवा नियम 1958 भी मौजूद है।
संसद में आया सरकार का जवाब
केंद्र सरकार की ओर से राज्यसभा में एक सवाल आया है। सरकार ने लिखित जवाब दिया है। जवाब में केंद्रीय मंत्री ने कहा कि केंद्र के कर्मचारी वीआरएस (समय से पहले सेवानिवृत्ति) ले सकते हैं।
वीआरएस लेने के लिए कुछ नियम-कायदे तय किए गए हैं। कर्मचारी के साथ समय से पहले सेवानिवृत्ति लेने का यह प्रावधान अखिल भारतीय सेवा नियम 1958 और केंद्रीय सिविल सेवा (सीसीएस) पेंशन नियम 2021 के प्रावधानों के अनुसार है।
वीआरएस लिया जा सकता है
वहीं, कर्मचारियों के लिए समय से पहले सेवानिवृत्ति का मुद्दा भी है। इस पर केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने कहा कि सरकार की ओर से इस बारे में कोई तय योजना नहीं बनाई गई है।
जो कर्मचारी समय से पहले सेवानिवृत्ति लेना चाहते हैं, उन्हें पहले से तय किए गए मानदंडों को पूरा करना होगा। इसके बाद वे कभी भी वीआरएस ले सकते हैं। वीआरएस लेना किसी भी कर्मचारी की इच्छा पर निर्भर करता है।

















