Haryana News: हरियाणा में बुढ़ापा पेंशन का मुद्दा बना राजनीतिक अखाडा, जानिए इनेलो ने क्या कहा

On: February 12, 2026 8:12 PM
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Haryana News: हरियाणा में एक बार फिर बुढ़ापा पेंशन का मुद्दा राजनीतिक बहस का केंद्र बन गया है।इंडियन नेशनल लोकदल (इनेलो) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अभय सिंह चौटाला ने कहा कि वह इस मुद्दे को विधानसभा के आगामी बजट सत्र में भी जोर-शोर से उठाएगी। 20 फरवरी के प्रदर्शन में उन बुजुर्गों को भी शामिल किया जाएगा, जिनकी पेंशन बंद की गई है।Haryana News

बुजुर्गों के साथ अन्याय : इंडियन नेशनल लोकदल (इनेलो) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अभय सिंह चौटाला ने राज्य सरकार पर बुजुर्गों के साथ अन्याय करने का आरोप लगाया है। उन्होंने घोषणा की है कि 20 फरवरी को पंचकूला में प्रदेश स्तर पर बड़ा विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। इस प्रदर्शन के बाद राज्यपाल को ज्ञापन सौंपकर सरकार की नीतियों के खिलाफ आवाज उठाई जाएगी।Haryana News

चुनाव को लेकर क्या कहा: अभय चौटाला ने भविष्य की राजनीतिक रणनीति को कहा कि यदि 2029 के विधानसभा चुनाव में इनेलो को सत्ता मिलती है, तो बुजुर्गों की पेंशन सीधे दोगुनी की जाएगी। उनका कहना है कि जब विधायकों और अधिकारियों को बिना किसी शर्त के पेंशन दी जा सकती है, तो आम बुजुर्गों पर जमीन और आय की शर्तें क्यों लगाई जा रही हैं।

बजट सत्र में उठेगा मुद्दा: इतना ही नहीं इनेलो ने ये भी कहा कि वह इस मुद्दे को विधानसभा के आगामी बजट सत्र में भी उठाएगी। 20 फरवरी के प्रदर्शन में उन बुजुर्गों को भी शामिल किया जाएगा, जिनकी पेंशन बंद की गई है। चौटाला ने पार्टी कार्यकर्ताओं से अपील की है कि वे गांव-गांव जाकर प्रभावित लोगों के बयान और वीडियो इकट्ठा करें, ताकि सरकार के दावों की सच्चाई सामने लाई जा सके।

हरियाणा में बुढ़ापा पेंशन का मुद्दा अब एक बड़ा राजनीतिक विषय बन चुका है। आने वाले दिनों में इस पर सियासी बयानबाजी और विरोध-प्रदर्शन तेज होने की संभावना है। अभय चौटाला ने कहा कि सरकार ने 1 नवंबर से बुढ़ापा पेंशन को बढ़ाकर 3200 रुपये प्रति माह करने का वादा किया था। लेकिन जमीनी स्तर पर स्थिति अलग है। उनका आरोप है कि पेंशन बढ़ाने के बजाय कई बुजुर्गों के नाम सूची से हटा दिए गए हैं।

इनेलो का कहना है कि सरकार ने पेंशन योजना को जटिल बना दिया है। पहले जहां केवल आयु के आधार पर पेंशन मिलती थी, अब जमीन, आय और अन्य शर्तों को भी जोड़ा जा रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार नई शर्तें लागू कर रही है, जिससे जरूरतमंद बुजुर्ग पेंशन से वंचित हो रहे हैं। चौटाला ने मुख्यमंत्री के उस बयान पर भी सवाल उठाया, जिसमें कहा गया था कि किसी भी पात्र व्यक्ति की पेंशन नहीं काटी जाएगी।

चौटाला ने कहा कि इससे बुजुर्गों को बार-बार दस्तावेज देने पड़ते हैं और कई लोग तकनीकी कारणों से बाहर हो जाते हैं। उन्होंने यह भी मांग की कि जिन 1.05 लाख बुजुर्गों की पेंशन कथित तौर पर मृत्यु के आधार पर बंद की गई है, उनका पूरा डेटा सार्वजनिक किया जाए ताकि सच्चाई सामने आ सके।

Sunil Chauhan

सुनील चौहान हरियाणा के रेवाड़ी और धारूहेड़ा क्षेत्र की खबरों को कवर करते हैं। उन्हें पत्रकारिता में 10 साल का अनुभव है और वे सामाजिक, प्रशासनिक और स्थानीय मुद्दों पर रिपोर्टिंग करते हैं।

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