रेवाड़ी: भारतीय किसान यूनियन चढूनी जिला रेवाड़ी की बार बार चेतावनी देने के बाद आखिरकार रेवाड़ी मंडी प्रशासन की नींद टूटी है। प्रधान समय सिंह ने बताया कि लगातार प्रयासों के बाद रेवाड़ी अनाज मंडी में गेहूं की खरीद शुरू करवा दी गई। खरीद शुरू होने से किसानो से खुशी जाहिर की है।Haryana News
यूनियन ने किसानों से की ये अपील: खरीद शुरू होने पर यूनियन नेताओं ने किसानों से अपील की कि वे अपनी गेहूं की फसल को अच्छी तरह सुखाकर ही मंडी में लेकर आएं, ताकि खरीद प्रक्रिया में किसी प्रकार की परेशानी न हो। वहीं वेयरहाउस मैनेजर आशा ने भी किसानों को आश्वस्त किया कि वे अपनी फसल को कोसली या बावल की मंडियों में ले जाने के बजाय रेवाड़ी मंडी में ही लेकर आएं, यहां खरीद की पूरी व्यवस्था की गई है।Haryana News
बायोमेट्रिक प्रणाली को लेकर नाराजगी : रेवाड़ी किसान यूनियन के प्रधान समय सिंह ने बायोमेट्रिक प्रणाली को लेकर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि यदि एक-दो दिन के भीतर यह व्यवस्था बंद नहीं की गई तो 15 तारीख को भारतीय किसान यूनियन चढूनी द्वारा सांकेतिक धरना दिया जाएगा। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर इसके बाद भी सरकार ने किसानों की समस्याओं पर ध्यान नहीं दिया तो आंदोलन को तेज करते हुए डीसी गेट के सामने धरना प्रदर्शन किया जाएगा।
यूनियन ने यह भी कहा कि इस बार गेहूं और सरसों की फसल काफी हद तक खराब हुई है, जिससे किसानों को भारी नुकसान हुआ है। ऐसे में खरीद के लिए बायोमेट्रिक प्रणाली किसानों के हित में नही है। यूनियन नेताओं ने सरकार से मांग की कि क्षतिपूर्ति पोर्टल को जल्द से जल्द खोला जाए और प्रभावित किसानों को उचित मुआवजा दिया जाए।
आंदोलन की चेतावनी: यूनियन पदाधिकारियों ने साफ तौर पर कहा कि यदि बायोमेट्रिक व्यवस्था जल्द बंद नहीं की गई और मुआवजे को लेकर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया तो 15 तारीख से लगातार धरना शुरू किया जाएगा और जरूरत पड़ने पर आंदोलन को और बड़ा रूप दिया जाएगा।
इस दौरान हैफेड के मैनेजर मनोज कुमार यादव, शहरी प्रधान कृष्ण कुमार सैनी , मैनेजर आशा, मंडी सुपरवाइजर जीतू और रूपेश सहित यूनियन के जिला कार्यकारी प्रधान राजेंद्र कुमार गेरा, एससी सेल के प्रधान राजकुमार और महिला जिला उपप्रधान मनीषा यादव (बोडिया कमालपुर) मौजूद रहे।




















