मौसमदिल्लीबिहार विधानसभा चुनाव 2025CET 2025राजस्थानमनोरंजनराशिफलबिजनेसऑटो मोबाइलरेवाड़ीआध्यात्मिकअन्य

Nirankari Sant Samagam in Rewari: हरियाणा के रेवाड़ी में निरंकारी संत समागम 17 सितंबर को

On: September 14, 2025 6:28 PM
Follow Us:

रेवाड़ी: निरंकारी सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज के पावन आशीर्वाद से 17 सितम्बर को रेवाड़ी में भव्य निरंकारी संत समागम का आयोजन किया जाएगा। यह समागम निरंकारी राजपिता रमित जी की पावन हुजूरी में सम्पन्न होगा। समागम शाम छह बजे आरंभ होगा और नौ बजे तक रहेगा।Nirankari Sant Samagam in Rewari

 

रेवाड़ी के संयोजक महात्मा हरीश कुमार जी ने बताया कि समागम की तैयारियां आरंभ कर दी गई है। निरंकारी मिशन का मूल लक्ष्य “ब्रह्म की प्राप्ति, भ्रम की समाप्ति है।” प्रभु परमात्मा को जानकर, इसकी पहचान कर इंसानी जन्म का असली उद्देश्य पूरा किया जा सकता है। निरंकारी मिशन के सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज आज इस परमात्मा का बोध करा रहे हैं।Nirankari Sant Samagam in Rewari

उन्होंने कहा कि मिशन एकत्व का संदेश दे रहा है। “एक को जानों, एक को मानों और एक हो जाओ” के माध्यम से ही समाज में एकत्व की भावना बढ़ाई जा सकती है। यह समागम हर प्रभु प्रेमी के लिए है। इसमें सभी शामिल होकर हरि चर्चा का हिस्सा बन सकते हैं। उन्होंने बताया कि समागम बावल रोड स्थित डिस्ट्रिक्ट कोर्ट के पीछे हुडा मैदान में शाम 6 बजे से रात 9 बजे तक आयोजित किया जाएगा।Nirankari Sant Samagam in Rewari

इसमें हजारों श्रद्धालु शामिल होंगे। समागम में संत महात्मा प्रभु परमात्मा की महिमा का गुणगान करेंगे और पूरी ही मानव जाति को मानवता, भाईचारे तथा आपसी प्रेम का संदेश देंगे। स्थानीय सेवादल और संत महात्मा समागम की तैयारियों में पूरे उत्साह के साथ जुटे हुए हैं। उन्होंने बताया कि समागम में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए विशेष व्यवस्थाएं की गई है।Nirankari Sant Samagam in Rewari

सेवादल के सेवादार श्रद्धालुओं की सेवा में रहेंगे। उन्होंने रेवाड़ी और आसपास के नागरिकों से समागम में शामिल होकर आत्मा का कल्याण करने का आह्वान किया। उन्होंने सभी को समागम में आमंत्रित करते हुए कहा कि सत्संग की महिमा हमारे सभी धर्म ग्रंथों में बखूबी लिखी है।Nirankari Sant Samagam in Rewari

महात्मा तुलसी दास जी सत्संग की महिमा का गुणगान करते हुए लिखते हैं कि “एक घड़ी आधी घड़ी, आधी में पुनि आध। तुलसी संगत साधु की, हरे कोटि अपराध”। इसलिए सत्संग में पहुंचकर इस अवसर का लाभ उठाएं। सत्संग से मन पवित्र होता है। प्रभु परमात्मा की भक्ति में मन लगता है।Nirankari Sant Samagam in Rewari

Harsh

मै पिछले पांच साल से पत्रकारिता में कार्यरत हूं। इस साइट के माध्यम से अपराध, मनोरंजन, राजनीति व देश विदेश की खबरे मेरे द्वारा प्रकाशित की जाती है।

Join WhatsApp

Join Now

google-newsGoogle News

Follow Now