Haryana News: हरियाणा के सहकारिता मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने बताया कि प्रदेश सरकार मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के बजट घोषणाओं को ज़मीन पर उतारने के लिए तेजी से काम कर रही है। इस प्रयास के तहत हर जिले में चिलिंग सेंटर स्थापित किए जाएंगे, ताकि दूध की गुणवत्ता और भंडारण को बेहतर बनाया जा सके।
मुख्य घोषणाएं और योजनाएं:
- चिलिंग सेंटर स्थापना:
- पहले चरण में करनाल, पानीपत, पंचकूला, चरखी दादरी में चिलिंग प्लांट।
- भिवानी (सलेमपुर) व सिरसा (डबवाली) में अगले दो महीने में चिलिंग सेंटर स्थापित होंगे।
- नूंह का सेंटर भी शीघ्र पूरा होगा।
पीपीपी मोड पर किन्नू जूस प्लांट (सिरसा):
- इसके लिए बागवानी, कृषि विभाग और अन्य स्टेकहोल्डर्स की बैठक हो चुकी है।
- भूमि की तलाश जारी है।
- ब्लॉक मिल्क कूलर (BMC) की स्थापना:
- हर खंड में बीएमसी लगाया जाएगा।
- 45 खंडों की पहचान की जा चुकी है।
वीटा बूथ योजना:
- 350 नए वीटा बूथ स्थापित करने का लक्ष्य।
- 20 बूथों की स्थापना प्रक्रिया प्रारंभ हो चुकी है।
चिलिंग सेंटर के कार्य क्या हैं?
- दूध को तुरंत ठंडा कर 4°C के आसपास लाना
- बैक्टीरिया की वृद्धि को रोकना
- दूध की गुणवत्ता बनाए रखना
- संग्रहण और प्रोसेसिंग के लिए दूध को तैयार करना
- यह कदम दूध उत्पादकों, पशुपालकों और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त करने की दिशा में एक बड़ा बदलाव साबित हो सकता है।

















