Ramp controversy Dharuhera : हरियाणा-राजस्थान सीमा पर बने रैंप को लेकर मंगलवार को रेवाड़ी जिला सचिवालय में डीसी रेवाड़ी व सर्व समाज भिवाडी राजस्थान के साथ बैठक आयोजित होगी।
बता दे कि नेशनल हाईवे-919 पर बने रेंप को बचाने के लिए बड़ी संख्या में धारूहेड़ा लोग एक जूट हुए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह रैंप जलभराव और रासायनिक युक्त पानी के बचाव के लिए जरूरी था। पिछले 203 सालों धारूहेड़ा के लोग से इस समस्या से जूझ रहे थे।Ramp controversy Dharuhera

रविवार 13 जुलाई को आयोजित महापंचायत के बाद राजस्थान के प्रतिनिधिमंडल ने रेवाड़ी प्रशासन से मुलाकात कर समाधान की मांग की। बैठक में प्रशासन ने बातचीत से हल निकालने की बात कही है।रेवाड़ी प्रशासन ने जेसीबी और ट्रैक्टर की मदद से रास्ता ब्लॉक कर दिया है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि “रैंप को किसी भी हाल में नहीं तोड़ने दिया जाएगा।” स्थिति तनावपूर्ण जरूर है, लेकिन प्रशासन हालात पर नजर बनाए हुए है।Ramp controversy Dharuhera
यह मुद्दा 15 जून को उस समय और गर्मा गया था, जब केंद्रीय राज्य मंत्री राव इंद्रजीत सिंह ने हरियाणा में एक मंच से तिजारा विधायक बाबा बालकनाथ को सख्त चेतावनी दी थी। स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए रेवाड़ी प्रशासन सतर्क है। ALWAR BY PASS RAMP
हरियाणा के धारूहेड़ा और राजस्थान के भिवाड़ी के बीच ऊंचाई का अंतर है। भिवाड़ी ऊंचाई पर स्थित है जबकि धारूहेड़ा ढलान पर बसा हुआ है। बरसात में भिवाड़ी का पानी धारूहेड़ा में आता है, लेकिन इसकी आड में फैक्ट्रियों का केमिकल युक्त अपशिष्ट भी बहकर हरियाणा छोडा जा रहा है।
जब पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर जन आशीर्वाद यात्रा के दौरान हरियाणा के धारूहेड़ा पहुंचे थे, तो स्थानीय लोगों ने उन्हें इस समस्या से अवगत कराया। इसके बाद उन्होंने बॉर्डर पर रैंप बनाया गया था।Ramp controversy Dharuhera
आज होगी बैठक: हरियाणा-राजस्थान सीमा पर बने रैंप को लेकर मंगलवार को रेवाड़ी जिला सचिवालय में डीसी रेवाड़ी व सर्व समाज भिवाडी राजस्थान के साथ बैठक आयोजित होगी। बैठक के बाद आगे सर्व समाज भिवाडी रणनीति तय करेगा।Rape controversy Dharuhera

















