Bhiwadi Blast: राजस्थान के खैरथल तिजारा जिले के भिवाड़ी स्थित खुशखेड़ा औद्योगिक क्षेत्र में 16 फरवरी को एक अवैध पटाखा फैक्ट्री में भीषण विस्फोट और आग लगने से 7 मजदूरों की मौत हो गई थी। एक बार फिर नया मोड आ गया गया। 17 फरवरी को इन शवों के डीएनए सैंपल जयपुर की फॉरेंसिक लेबोरेटरी में भेजे गए थे। हालांकि, ये सभी सैंपल फेल हो गए।
दोबारा लेने होंगे सेंपल: हादसे के बाद सभी 7 शवों को टपूकड़ा सरकारी अस्पताल की मॉर्च्यूरी में रखवाया गया थाबता दे कि शव बुरी तरह झुलस गए थे, जिससे उनकी पहचान में भारी मुश्किल आ रही है। उच्च अधिकारियों के आदेश पर गुरुवार को दोबारा सभी 7 शवों के डीएनए सैंपल लिए गए और लेबोरेटरी भेजे गए। अब रिपोर्ट सोमवार तक आने की संभावना जताई जा रही है। रिपोर्ट मिलने के बाद ही शवों की सही पहचान हो गी तथा उसके बाद ही परिजनों को सुपुर्द किया जाएगा।

शव मिलने के इंतजार: बता दें कि हादसे में जान गंवाने वाले मजदूरों के परिजन लगातार शवों का इंतजार कर रहे हैं। टपूकड़ा सरकारी अस्पताल की मॉर्च्यूरी में शवों के रखरखाव की स्थिति खराब है। सभी 7 शव पॉलीथीन में पैक करके खुले में रखे गए हैं। मॉर्च्यूरी में न तो डीप फ्रीजर की व्यवस्था है और न ही बर्फ का इंतजाम, जिससे शव सड़ चुके हैं और तेज बदबू फैल रही है।
डॉक्टर विक्रम सिंह ने बताया- उन्होंने पहले सैंपल 17 फरवरी को भेजे थे, लेकिन फेल होने के बाद दोबारा सैंपल लिए गए। उन्होंने यह भी बताया कि दोबारा सैंपल लेने के दौरान डॉक्टरों को मुंह पर मास्क लगाने के बावजूद तेज बदबू के कारण बार-बार स्प्रे का इस्तेमाल करना पड़ा।

















