AQI Alert: सुप्रीम कोर्ट ने इस साल ग्रीन पटाखों की अनुमति दी थी, लेकिन इसके बावजूद प्रदूषण का स्तर नियंत्रण से बाहर पहुंच गया है। अगर स्थिति में सुधार नहीं हुआ तो प्रशासन को आने वाले दिनों में और सख्त कदम उठाने पड़ सकते हैं। साफ जाहिर है प्रतिबंध के वावजूद जमकर आतिशबाजी हुई है।
ग्रीन पटाखों की आड में खूब चले पटाखे: बता दे पटाखों पर प्रतिबंध के बावजूद जमकर आतिशबाजी हुइ है। भारी पटाखेबाजी के बाद जिले का वायु प्रदूषण स्तर खतरनाक स्थिति में पहुंच गया है। मंगलवार को रेवाड़ी का एयर क्वालिटी इंडेक्स (एक्यूआई) 400 के पार दर्ज किया गया, जो रेड जोन यानी गंभीर श्रेणी में आता है।AQI Alert
दिवाली के दिन एक्यूआई 377 था, जबकि रविवार तक यह स्तर 200 के आसपास था। इतना ही नहीं बुधवार को 400 से ज्यादा रहा।
फिलहाल रेवाड़ी में ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (ग्रैप) का स्टेज-2 लागू है, लेकिन मौजूदा हालात को देखते हुए पर्यावरण विशेषज्ञों का कहना है कि अब स्टेज-4 लागू किया जाना चाहिए।
पिछले तीन वर्षों के आंकड़ों की तुलना में इस बार प्रदूषण सबसे अधिक दर्ज किया गया है। वर्ष 2023 में दिवाली के बाद एक्यूआई 343 और 2024 में 260 रहा था, जबकि इस बार यह 400 का आंकड़ा पार कर चुका है। साफ जाहिर है ग्रीन पटाखो की आड में जमकर आतिशबाजी हुई है।
ग्रैप के अनुसार, एक्यूआई 201 से 300 तक ‘खराब’, 301 से 400 तक ‘बहुत खराब’ और 401 से 500 तक ‘गंभीर’ श्रेणी में आता है। 450 से ऊपर पहुंचने पर ‘बेहद गंभीर’ श्रेणी मानी जाती है। जैसे-जैसे प्रदूषण का स्तर बढ़ता है, वैसे-वैसे पाबंदियां भी कड़ी होती जाती हैं।AQI Alert
वर्तमान में स्टेज-2 के तहत डीजल जनरेटर के उपयोग पर रोक, निर्माण स्थलों पर धूल नियंत्रण के सख्त नियम और केवल सीएनजी, इलेक्ट्रिक या बीएस-6 बसों को ही प्रवेश की अनुमति दी गई है। वहीं, होटलों और ढाबों में कोयला या लकड़ी के इस्तेमाल पर प्रतिबंध जारी है।AQI Alert
स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि एक्यूआई 400 के पार होने से डायबिटीज, अस्थमा, ब्रोंकाइटिस और सीओपीडी जैसी बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। इसके अलावा आंखों में जलन, लाली और पानी आने जैसी समस्याएं भी आम हैं।AQI Alert
सुप्रीम कोर्ट ने इस साल ग्रीन पटाखों की अनुमति दी थी, लेकिन इसके बावजूद प्रदूषण का स्तर नियंत्रण से बाहर पहुंच गया है। अगर स्थिति में सुधार नहीं हुआ तो प्रशासन को आने वाले दिनों में और सख्त कदम उठाने पड़ सकते हैं।AQI Alert

















