राजस्थान में चलती ट्रेन में एक दुखद घटना सामने आई, जहां एक जज की पत्नी की अचानक साइलेंट अटैक के कारण मौत हो गई। यह घटना उस समय हुई जब महिला ट्रेन के वॉशरूम में गई थीं और काफी देर तक बाहर नहीं आईं। बाद में रेलवे अधिकारियों ने दरवाजा तोड़कर उनका शव बाहर निकाला। इस घटना से ट्रेन में मौजूद यात्रियों और परिवार के लोगों में हड़कंप मच गया।
जानकारी के अनुसार, अतिरिक्त जिला न्यायाधीश (एडीजे) राजकुमार चौहान अपनी पत्नी उषा चौहान के साथ जोधपुर से निंबाहेड़ा की यात्रा कर रहे थे। दोनों पति-पत्नी कांचीगुड़ा-भगत की कोठी एक्सप्रेस ट्रेन से सफर कर रहे थे। बताया जा रहा है कि किसी कारणवश दोनों अलग-अलग कोच में बैठे हुए थे। यात्रा के दौरान जब ट्रेन निंबाहेड़ा स्टेशन के करीब पहुंचने वाली थी, तभी उषा चौहान ने अपने पति को फोन किया और बताया कि वे वॉशरूम जा रही हैं।
फोन करने के बाद काफी समय तक जब उषा चौहान वापस अपनी सीट पर नहीं लौटीं तो उनके पति को चिंता होने लगी। उन्होंने कई बार फोन करने की कोशिश की, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। इसके बाद ट्रेन में मौजूद यात्रियों और रेलवे कर्मचारियों को इसकी जानकारी दी गई। जब काफी देर तक वॉशरूम का दरवाजा अंदर से बंद रहा और कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली, तो स्थिति गंभीर हो गई।
आखिरकार ट्रेन के जावरा रेलवे स्टेशन पहुंचने पर रेलवे स्टाफ और यात्रियों की मदद से वॉशरूम का दरवाजा तोड़ा गया। दरवाजा खुलते ही अंदर उषा चौहान बेहोशी की हालत में मिलीं। तुरंत उन्हें बाहर निकालकर जांच की गई, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। प्राथमिक जानकारी के अनुसार, उनकी मौत का कारण साइलेंट अटैक बताया जा रहा है।
इस घटना की सूचना तुरंत रेलवे पुलिस और स्थानीय प्रशासन को दी गई। पुलिस मौके पर पहुंची और आवश्यक कार्रवाई शुरू की। शव को पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेजा गया, ताकि मौत के सही कारणों की पुष्टि हो सके। रेलवे पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और सभी जरूरी औपचारिकताएं पूरी की जा रही हैं।
इस दुखद घटना के बाद ट्रेन में मौजूद यात्रियों में भी काफी अफरा-तफरी का माहौल बन गया। अचानक हुई इस घटना से हर कोई स्तब्ध रह गया। परिवार के लिए यह घटना बेहद दुखद और दर्दनाक साबित हुई है।
विशेषज्ञों के अनुसार साइलेंट अटैक कई बार बिना किसी स्पष्ट लक्षण के भी आ सकता है। इसमें व्यक्ति को सामान्य हार्ट अटैक की तरह तेज दर्द या अन्य संकेत महसूस नहीं होते, जिससे स्थिति गंभीर हो सकती है। इसलिए समय-समय पर स्वास्थ्य जांच और सतर्कता बेहद जरूरी मानी जाती है।
फिलहाल पुलिस और रेलवे प्रशासन पूरे मामले की जांच कर रहे हैं और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों की पूरी तरह पुष्टि हो सकेगी। यह घटना एक बार फिर लोगों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहने की जरूरत की याद दिलाती है।

















