भिवाड़ी के चौपानकी-पथरेड़ी औद्योगिक क्षेत्र स्थित DAAYAKA प्राइवेट लिमिटेड कंपनी यानि लाइटर का निर्माण कंपनी में रविवार को आग लग गई। यह आग कंपनी के स्टोर से शुरू हुई और तेजी से फैल गई। बता दे जिस समय आग लगी थी उस समय कंपनी में बड़ी मात्रा में ज्वलनशील पदार्थ मौजूद था। आग इतनी तेजी से फैली कि देखते ही देखते फैक्ट्री का एक बड़ा हिस्सा इसकी चपेट में आ गया।
भिवाड़ी के पथरेड़ी औद्योगिक क्षेत्र में रविवार सुबह उस समय अफरा-तफरी मच गई। क्योंकि सुबह सुबह फैक्ट्री में अचानक भीषण आग लग गई थी। आग इतनी तेजी से फैली कि कुछ ही मिनटों में फैक्ट्री का बड़ा हिस्सा इसकी चपेट में आ गया। आग से लाखों का माल जलकर राख हो गया है।सूचना मिलते ही दमकल विभाग और पुलिस की टीमें मौके पर पहुंचीं।
धुएं के गुबार दूर-दूर तक दिखाई दिए: ऊंची लपटों के साथ उठते काले धुएं के गुबार दूर-दूर तक दिखाई दिए, जिससे आसपास स्थित औद्योगिक इकाइयों में भी दहशत का माहौल बन गया। सूचना मिलते ही दमकल विभाग और पुलिस की टीमें मौके पर पहुंचीं। बता दे कि आग पथरेड़ी औद्योगिक क्षेत्र स्थित डायका स्मार्ट सॉल्यूशन प्राइवेट लिमिटेड फैक्ट्री में लगी, जहां लाइटर का निर्माण किया जाता है। फैक्ट्री में ज्वलनशील सामग्री अधिक मात्रा में होने के कारण आग ने कुछ ही देर में विकराल रूप ले लिया।
दमकल केंद्र भिवाड़ी को सूचना मिलने के बाद रीको दमकल केंद्र की गाड़ियां तुरंत घटनास्थल के लिए रवाना की गईं। आग की गंभीरता को देखते हुए रीको भिवाड़ी, खुशखेड़ा और नगर परिषद भिवाड़ी सहित आग बुझाने के लिए कुल 15 दमकल गाड़ियां लगाई गईं। अधिकारियों के अनुसार, आग पर लगभग काबू पा लिया गया।
करीब दो घंटे में आग पर पाया काबू: दमकल कर्मियों ने करीब दो घंटे से अधिक समय तक लगातार प्रयास कर आग पर काबू पाया। आग की तपिश और धुएं का असर आसपास की अन्य फैक्ट्रियों तक पहुंच गया, जिससे एहतियातन कुछ समय के लिए काम रोकना पड़ा।
इस घटना में फैक्ट्री के भीतर रखा कच्चा माल और तैयार उत्पाद पूरी तरह जलकर राख हो गया, जिससे लाखों रुपये के नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है। इस घटना में किसी जनहानि की खबर नहीं है,लेकिन फैक्ट्री में रखा करोड़ों रुपए का माल और मशीनरी जलकर राख हो गई, जिससे कंपनी को भारी आर्थिक नुकसान हुआ है।
हालांकि राहत की बात यह रही कि आग लगने के समय फैक्ट्री में मौजूद सभी श्रमिकों को समय रहते सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जिससे किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। सूचना के बाद चौपानकी थाना पुलिस भी मौके पर पहुंची और स्थिति पर नजर बनाए रखी। प्रारंभिक जांच में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है, हालांकि फैक्ट्री पूरी तरह ठंडी होने के बाद ही वास्तविक कारणों और नुकसान का सटीक आकलन किया जा सकेगा।
छह माह में दोबारा लगी आग: उल्लेखनीय है कि इसी फैक्ट्री में गत वर्ष 14 अक्टूबर को भी आग लगने की घटना हो चुकी है। ऐसे में सुरक्षा इंतजामों को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हो रहे हैं। पुलिस और दमकल विभाग की संयुक्त टीम मामले की जांच में जुटी हुई है और फैक्ट्री प्रबंधन से भी आवश्यक जानकारी जुटाई जा रही है।

















