चंडीगढ़: हरियाणा के लिए गर्व की खबर जापान से आई है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के जापान दौरे ने राज्य के औद्योगिक विकास की नई संभावनाओं को जन्म दिया है। अपने दौरे के पहले ही दिन मुख्यमंत्री ने जापान की सात प्रमुख कंपनियों के साथ समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए हैं।
ये समझौते “विकसित भारत–विकसित हरियाणा” विजन के तहत हुए हैं, जिनके माध्यम से करीब 1400 करोड़ रुपये का निवेश हरियाणा में किया जाएगा। इस निवेश से लगभग 15 हजार युवाओं को रोजगार मिलने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री सैनी ने दौरे के पहले दिन जापान की प्रसिद्ध कंपनियों AISIN, एयर वाटर, TASI, नंबू, डेंसो, सोजित्ज, निसिन, कावाकिन, टोप्पन और सेइरेन के शीर्ष अधिकारियों से मुलाकात की।
उन्होंने हरियाणा में उपकरण निर्माण, औद्योगिक पुर्जों, मेटल वर्किंग, ऑटो और इलेक्ट्रॉनिक विनिर्माण जैसे क्षेत्रों में निवेश की संभावनाओं पर चर्चा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि जापान और हरियाणा के बीच सहयोग से न केवल व्यापारिक गतिविधियों में वृद्धि होगी, बल्कि तकनीकी विकास और युवाओं के लिए रोजगार के अवसर भी तेजी से बढ़ेंगे।
इस दौरान सीएम सैनी ने जापान की मशहूर कंपनी सेइरेन के साथ एक महत्वपूर्ण समझौता भी किया। यह कंपनी रोहतक में 220 करोड़ रुपये के मेगा प्रोजेक्ट में निवेश करेगी, जिससे करीब 1700 युवाओं को रोजगार मिलेगा। सेइरेन वस्त्र समाधान और उन्नत सामग्री निर्माण में विश्वस्तरीय प्रतिष्ठा रखती है और इसके उत्पाद ऑटोमोबाइल, इंटीरियर डिजाइन, पर्यावरण, लाइफस्टाइल, इलेक्ट्रॉनिक कंपोनेंट्स और सेंसर जैसे कई क्षेत्रों में उपयोग किए जाते हैं।
मुख्यमंत्री ने अपने दौरे के दौरान जापान के मंत्रियों और उद्योगपतियों को “हैपनिंग हरियाणा ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट 2026 में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया। उन्होंने कहा कि हरियाणा सरकार निवेशकों को सभी जरूरी सुविधाएं और सहयोग प्रदान करेगी ताकि वे राज्य में निश्चिंत होकर अपने प्रोजेक्ट शुरू कर सकें।
सीएम सैनी का यह दौरा हरियाणा की औद्योगिक छवि को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मजबूत बनाने की दिशा में ऐतिहासिक माना जा रहा है। इससे राज्य में विदेशी निवेश को नई गति मिलेगी और युवाओं को तकनीकी क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर प्राप्त होंगे।

















