Operation Sindoor: पाकिस्तान के खिलाफ भारत के ऑपरेशन सिंदूर पर टिप्पणी करने के आरोप में अशोका यूनिवर्सिटी के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. अली खान महमूदाबाद को हरियाणा पुलिस ने रविवार को दिल्ली के ग्रेटर कैलाश स्थित उनके निवास से गिरफ्तार कर लिया। आरोपित को सोनीपत कोर्ट में पेश कर पांच दिन का रिमांड मांगा था, लेकिन सोनीपत कोर्ट ने दो दिन का रिमांड ही स्वीकार किया।Operation Sindoor
डॉ. अली खान को बर्खास्त की मांग: बता दे कि हरियाणा राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष रेनू भाटिया ने कहा कि डॉ. अली खान को बर्खास्त किया जाना चाहिए। डा. अली की टिप्पणी को महिला सैन्य अधिकारियों के प्रति अपमानजनक व सांप्रदायिक वैमनस्य फैलाने वाला तथा शर्मनाक बनाया था। उन्होंने आरोप लगाया कि डा. अली के दादा पाकिस्तान की मुस्लिम लीग को फंडिंग करते थे, जिससे स्पष्ट होता है कि उन्हें यह संस्कार अपने दादा से मिले हैं। Operation Sindoor
जानिए क्या है दो मामले दर्ज: पुलिस ने बताया कि डा. अली के खिलाफ हरियाणा में दो अलग-अलग एफआईआरदर्ज की गई हैं। एक जठेड़ी गांव के सरपंच एवं भाजपा युवा मोर्चा के सदस्य योगेश जठेड़ी ने राई थाने में ने दर्ज कराई है, जबकि दूसरी राज्य महिला आयोग ने नोटिस की अवमानना के तहत दर्ज कराई।
जानिए क्या लगाया था आरोप
- हरियाणा राज्य महिला आयोग ने 12 मई को अपने नोटिस के साथ डॉ. अली खान की टिप्पणियों को संलग्न किया था।
- उन्होंने कहा कि कर्नल सोफिया कुरैशी की प्रशंसा करने वाले दक्षिणपंथी लोगों को उन्मादी भीड़ की हिंसा और संपत्तियों पर “मनमाने ढंग से” बुलडोजर चलाने के पीड़ितों के लिए सुरक्षा की मांग भी करनी चाहिए।
- उन्होंने कर्नल कुरैशी और विंग कमांडर व्योमिका सिंह की मीडिया ब्रीफिंग को “दिखावटी” बताया और कहा, “लेकिन दिखावटीपन को जमीनी हकीकत में बदलना चाहिए, अन्यथा यह सिर्फ पाखंड है।”

















