Electricity employee: उत्तर प्रदेश पावर कॉर्पोरेशन लिमिटेड (UPPCL) ने अपने कर्मचारियों के लिए एक बड़ी राहत भरी पहल की है. अब लखनऊ में भी बिजलीकर्मियों को कैशलेस इलाज की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी. इस योजना के तहत लखनऊ के चुनिंदा अस्पतालों का चयन किया जाएगा. जहां बिजली विभाग के कर्मचारी बिना पैसे दिए इलाज करा सकेंगे.
नीति और योजना निर्माण की जिम्मेदारी निदेशक वित्त को सौंपी गई
इस सुविधा को लागू करने के लिए पारेषण निगम के निदेशक (वित्त) को जिम्मेदारी दी गई है. वह नीति और विस्तृत योजना तैयार करेंगे. जिससे कैशलेस सुविधा को कारगर तरीके से लागू किया जा सके. यह निर्णय कर्मचारियों को स्वास्थ्य सुरक्षा देने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है.
अभी सिर्फ नोएडा और गाजियाबाद में है कैशलेस सुविधा
फिलहाल कैशलेस इलाज की सुविधा केवल नोएडा और गाजियाबाद के कुछ अस्पतालों में ही दी जा रही है. इन जगहों पर गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए कर्मचारी जाते हैं. लेकिन अब यह सुविधा राजधानी लखनऊ तक विस्तार पा रही है. जिससे अधिक कर्मचारियों को लाभ मिलेगा.
कर्मचारी हित में हमेशा तत्पर है कारपोरेशन: अध्यक्ष
गुरुवार को लखनऊ स्थित शक्तिभवन में विद्युत कर्मचारी मोर्चा संगठन के पदाधिकारियों से हुई बैठक में UPPCL के अध्यक्ष डॉ. आशीष कुमार गोयल ने कहा कि, “कारपोरेशन अपने कर्मचारियों को बेहतर सुविधाएं देने के लिए सदैव तैयार रहता है.” उन्होंने यह भी कहा कि कर्मचारियों के आमेलन (संविलियन) में यदि कोई कमी है तो उसे भी सुधारा जाएगा.
पदोन्नति और सेवा शर्तों में नहीं होगी कोई कटौती
अध्यक्ष ने कर्मचारियों को आश्वस्त किया कि उनकी पदोन्नति और सेवा शर्तों में कोई कटौती नहीं की जाएगी. उन्होंने स्पष्ट किया कि कारपोरेशन कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है और सभी निर्णय इसी सोच के साथ लिए जा रहे हैं.
विद्युत व्यवस्था सुधार को लेकर सरकार का फोकस
डॉ. गोयल ने कहा कि प्रदेश सरकार बिजली क्षेत्र में बड़े सुधारों के लिए गंभीर प्रयास कर रही है. खासकर दक्षिणांचल और पूर्वांचल डिस्कॉम (DISCOM) की हालत अन्य क्षेत्रों की तुलना में कमजोर है. जिन्हें जल्द सुधार की जरूरत है. रिफार्म के तहत कर्मचारियों को और भी बेहतर सुविधाएं और प्रमोशन के मौके दिए जाएंगे.
विद्युत आपूर्ति में बाधा पहुंचाने पर होगी सख्त कार्रवाई
अध्यक्ष ने कर्मचारियों से विद्युत आपूर्ति में किसी भी प्रकार की बाधा न डालने की अपील की. उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कोई कर्मचारी बिजली सप्लाई बाधित करने या दोष सुधारने में लापरवाही करता है, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. उन्होंने कहा कि कर्मचारियों और कारपोरेशन का रिश्ता सहयोग पर आधारित होना चाहिए.

















