Haryana: सोमवार शाम को नथुपुर, DLF Phase three में एक दुखद हादसा हुआ। पास के प्लॉट में नींव खोदते समय मिट्टी धंस गई और एक मजदूर उसकी चपेट में आ गया। घटनास्थल पर मौजूद लोगों ने उसे तुरंत बाहर निकाला और अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने मंगलवार को पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया।
मृतक की पहचान 45 वर्षीय करण अहिरवाल के रूप में हुई है। वह मूल रूप से मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले के रहने वाले थे। बताया जा रहा है कि वह नथुपुर के स्लम इलाक़े में अपने परिवार के साथ रहते थे और पास के प्लॉट में नींव निर्माण का काम कर रहे थे। उनकी पत्नी अनिता भी उनके साथ उसी निर्माण कार्य में सहयोग कर रही थीं।
हादसे का विवरण
सूत्रों के अनुसार, करण उस समय लगभग दो फीट गहरी खाई में खड़े थे, जब पड़ोसी प्लॉट की मिट्टी अचानक धंस गई। मिट्टी के नीचे दबने से उनकी मृत्यु हो गई। पास के लोगों ने तुरंत उन्हें मिट्टी के ढेर से बाहर निकाला और अस्पताल ले गए। डॉक्टरों ने मृतक को जांचने के बाद बताया कि उसका हृदय मिट्टी के दबाव के कारण फट गया था, जिससे उसकी मृत्यु हुई।
सुरक्षा पर सवाल और जांच
यह हादसा निर्माण स्थलों पर मजदूरों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े करता है। पुलिस ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और यह देखा जा रहा है कि निर्माण के दौरान सुरक्षा मानकों का पालन किया गया या नहीं। अधिकारी यह भी अध्ययन कर रहे हैं कि भविष्य में ऐसे हादसों को रोकने के लिए कौन से उपाय किए जा सकते हैं। स्थानीय लोगों ने इस दुर्घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया और कहा कि मजदूरों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए अधिक सतर्कता की आवश्यकता है।

















