Haryana Pollution: पंचकुला में सर्दी ने दिखाए तेवर, साथ ही हवा में रह रहा घना प्रदूषण, स्वास्थ्य अलर्ट जारी

On: November 14, 2025 7:11 PM
Follow Us:
Haryana Pollution: पंचकुला में सर्दी ने दिखाई ताकत, साथ ही हवा में रह रहा घना प्रदूषण, स्वास्थ्य अलर्ट जारी

Haryana Pollution: राज्य में इस समय मौसम और प्रदूषण दोनों ही बदलाव के संकेत दे रहे हैं। जहां रात का तापमान तेजी से गिर रहा है, वहीं हवा में प्रदूषण की एक परत बनी हुई है। पंचकुला में गुरुवार को न्यूनतम तापमान 8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस मौसम में अब तक का सबसे कम तापमान है। वहीं, हिसार में तापमान 8.2 डिग्री और नरनौल में 8.4 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। इस गिरते हुए तापमान ने लोगों को ठंड का अहसास और बढ़ा दिया है।

मौसम विज्ञानियों का कहना है कि 18 नवंबर तक राज्य में मौसम शुष्क बना रहेगा, लेकिन ठंड की लहर लगातार जारी रहेगी। दिन के समय धूप कुछ हद तक ठंड से राहत देती है, लेकिन रात के समय तापमान में गिरावट के कारण प्रदूषण कण वातावरण में जम जाते हैं। इस वजह से कई जिलों में सुबह और शाम के समय कोहरे और धुएँ का एक परदा दिखाई देता है। मौसम के इस बदलाव ने लोगों के जीवन में असुविधाएं बढ़ा दी हैं, विशेषकर बच्चों और बुजुर्गों के लिए ठंड के कारण स्वास्थ्य संबंधी परेशानियाँ बढ़ सकती हैं।

ठंडी हवा और प्रदूषण का असर

रात का तापमान गिरने के कारण हवा में मौजूद प्रदूषण कण स्थिर हो जाते हैं और हवा की गुणवत्ता प्रभावित होती है। इससे न केवल धुआँ और कोहरा अधिक दिखाई देता है, बल्कि श्वसन संबंधी बीमारियों का खतरा भी बढ़ जाता है। मेडिकल विशेषज्ञों ने लोगों से अपील की है कि वे ठंड के मौसम में मास्क का उपयोग करें और प्रदूषित वातावरण में लंबी अवधि तक बाहर न रहें। वहीं, कृषि क्षेत्रों में काम करने वाले किसानों के लिए भी यह स्थिति मुश्किल भरी साबित हो सकती है, क्योंकि सुबह और शाम के समय कोहरा दृश्यता को कम करता है।

प्राकृतिक राहत और सावधानियाँ

हालांकि दिन के समय सूर्य की किरणें कुछ राहत देती हैं, लेकिन ठंड के साथ जुड़ा प्रदूषण लगातार स्वास्थ्य पर असर डाल रहा है। राज्य सरकार ने नागरिकों को सलाह दी है कि वे घरों में ही रहकर आवश्यक कार्य करें और विशेषकर बच्चों और बुजुर्गों को ठंड और प्रदूषण से बचाएं। साथ ही, गाड़ियों और औद्योगिक गतिविधियों से निकलने वाले प्रदूषण पर नियंत्रण भी ज़रूरी है, ताकि मौसम और स्वास्थ्य पर नकारात्मक असर कम किया जा सके। विशेषज्ञों के अनुसार, आने वाले दिनों में ठंडी हवाओं और प्रदूषण की स्थिति पर लगातार निगरानी जरूरी है, ताकि आवश्यक कदम समय पर उठाए जा सकें।

Best24News

सुनील कुमार पत्रकारिता क्षेत्र में पिछले 8 साल से सक्रिय है। इन्होंने दैनिक जागरण, राजस्थान पत्रिका, हरीभूमि व अमर उजाला में बतौर संवाददाता काम किया है। अब बेस्ट 24 न्यूम में बतौर फाउंडर कार्यरत हूं

Join WhatsApp

Join Now

google-newsGoogle News

Follow Now