Haryana News: हरियाणा पुलिस को बडी सफलता मिली है। कॉमन एलिजिबिलिटी टेस्ट (CET) के रजिस्ट्रेशन के लिए फर्जी पोर्टल बनाने वाले मास्टरमाइंड गिरोह सहित 6 आरोपियों को पंचकूला पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। इनमें 4 आरोपी उत्तर प्रदेश के गोरखपुर और 2 आरोपी हरियाणा के कुरुक्षेत्र और फतेहाबाद के रहने वाले हैं। इतना ही इन आरोपियों में एक महिला भी शामिल है।
जहां से खेल हुआ शुरू’ बता दे कि जांच में सामने आया है कि पोर्टल गोरखपुर से ही ऑपरेट हो रहा था। आरोपियों ने 77 लोगों से 22 हजार रुपए की ठगी की है। पुलिस ने पोर्टल और उससे संबंधित बैंक अकाउंट फ्रीज करा दिए हैं। पुलिस ने अभी आरोपियों की पहचान नहीं बताई है। उनसे पूछताछ की जा रही है।
- फर्जी पोर्टल का आकार और डिजाइन:
- 14 लाख से ज्यादा विजिटर्स का दावा।
- हूबहू HSSC की ऑफिशियल वेबसाइट जैसी डिज़ाइन।
- शुरुआती दौर में यूजर्स को शक नहीं हुआ क्योंकि डिज़ाइन मिलती-जुलती थी।
- दावा और संख्या:
- 5 जून तक 14 लाख से अधिक यूजर्स का विजिट का दावा।
- फर्जी आवेदन प्रक्रिया:
- आवेदन के पहले ही स्टेप पर फीस भरने का विकल्प।
- स्कैनर को स्कैन करने पर दिखने वाली जानकारी अलग है—यह नकली अकाउंट (नीतु कुमारी के नाम वाले) में पैसे जाने का दिखावा।
- ऑफिशियल वेबसाइट पर, पहले कैटेगरी पूछी जाती है और फिर UPI पेमेंट SBIMOPS के नाम से होता है।
सावधानी और सुझाव:
- यूजर्स को चाहिए कि वे केवल आधिकारिक वेबसाइट से ही आवेदन करें।
- किसी भी संदिग्ध लिंक या वेबसाइट पर भुगतान करने से पहले उसकी प्रमाणिकता जांच लें।
- फर्जी वेबसाइटों का इस्तेमाल करके व्यक्तिगत या वित्तीय जानकारी न दें।
- यदि कोई संदिग्ध गतिविधि या धोखाधड़ी का शक हो, तो संबंधित अधिकारियों या हेल्पडेस्क से संपर्क करें।
अभ्यर्थियों को सतर्क किया: HSSC मेंबर चौहान ने सभी अभ्यर्थियों से अपील की कि वे पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन करते समय विशेष सतर्कता बरतें। केवल HSSC के अधिकृत पोर्टल के जरिये ही आवेदन करें। HSSC के अधिकृत पोर्टल का लिंक है: https://onetimeregn.haryana.gov.in

















