Haryana के फरीदाबाद में अवैध निर्माण पर जिला नगर योजनाकार (DTP) प्रवर्तन टीम ने बुधवार को बड़ी कार्रवाई की। टीम ने दो गांवों — पाखल और गोठरा मोहब्बताबाद — में करीब 14 एकड़ जमीन पर विकसित की जा रही अवैध कॉलोनियों को ध्वस्त कर दिया। जिला नगर योजनाकार प्रवर्तन (DTPE) यजन चौधरी ने बताया कि पाखल गांव में 10 एकड़ और गोठरा मोहब्बताबाद गांव में 4 एकड़ जमीन पर अवैध कॉलोनियों का विकास किया जा रहा था। कार्रवाई के दौरान तीन औद्योगिक शेड, चार बाउंड्री वॉल, 12 डीपीसी (डैम्प प्रूफ कोर्स) और सड़कों का नेटवर्क तोड़ा गया।
यजन चौधरी ने स्पष्ट किया कि इन अवैध कॉलोनियों में किसी भी तरह का नया निर्माण बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अगर भविष्य में दोबारा निर्माण किया गया, तो संबंधित लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि सरकार के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई है ताकि अवैध रूप से कॉलोनियां विकसित करने वाले लोगों को कड़ा संदेश दिया जा सके। उन्होंने कहा कि ऐसी कॉलोनियों के कारण न केवल शहरी नियोजन बिगड़ता है बल्कि बुनियादी सुविधाओं जैसे पानी, बिजली और सड़क व्यवस्था पर भी असर पड़ता है।
उधर, फरीदाबाद नगर निगम के तोड़फोड़ शाखा ने भी एसजीएम नगर के पटेल चौक पर एक दुकान को ध्वस्त किया जो बिना स्वीकृत नक्शे के बनाई जा रही थी। निगम टीम के मौके पर पहुंचते ही दुकान मालिक ने काफी हंगामा किया और कार्रवाई का विरोध जताया। उसने आरोप लगाया कि निगम अधिकारियों और पूर्व पार्षद ने उससे पैसे की मांग की थी और जब उसने देने से इनकार किया, तो केवल उसकी ही दुकान को निशाना बनाया गया।
दुकान मालिक ने लगाए पक्षपात के आरोप, जांच की मांग
दुकान मालिक ने कहा कि आसपास की सभी दुकानें भी एक ही नक्शे से बनी हैं, फिर केवल उसकी दुकान पर ही बुलडोज़र क्यों चलाया गया? उसने आरोप लगाया कि यह कार्रवाई पक्षपातपूर्ण है और इसके पीछे राजनीतिक दबाव काम कर रहा है। वहीं, निगम अधिकारियों ने कहा कि दुकान का निर्माण पूरी तरह अवैध था और बिना स्वीकृत नक्शे के किसी भी निर्माण को अनुमति नहीं दी जा सकती। अधिकारियों ने बताया कि नियमों के तहत आगे भी इसी तरह की कार्रवाई जारी रहेगी ताकि शहर में अनियोजित निर्माण पर रोक लगाई जा सके।

















